खेल डेस्क: अफगानिस्तान क्रिकेट के लिए बड़ी और दुखद खबर सामने आई है। टीम के पूर्व तेज गेंदबाज शापूर जादरान का मंगलवार (7 जुलाई) को निधन हो गया। वह पिछले कई महीनों से एक दुर्लभ और गंभीर बीमारी से जूझ रहे थे। उनके निधन की जानकारी अफगानिस्तान क्रिकेट बोर्ड (ACB) ने सोशल मीडिया के जरिए दी। उनके जाने की खबर से क्रिकेट जगत में शोक की लहर दौड़ गई है।
शापूर जादरान बाएं हाथ के तेज गेंदबाज थे और अफगानिस्तान क्रिकेट को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने वाले खिलाड़ियों में उनकी अहम भूमिका रही। वह लंबे समय से बीमार थे और इस साल जनवरी से नई दिल्ली के एक अस्पताल में उनका इलाज चल रहा था। इलाज के दौरान उनके भाई घमई जादरान और अफगानिस्तान के पूर्व कप्तान असगर अफगान भी उनके साथ भारत आए थे। उनकी तबीयत पिछले साल अक्टूबर में खराब हुई थी और इसके बाद उनकी हालत लगातार बिगड़ती चली गई।
अफगानिस्तान बोर्ड ने जादरान के निधन पर गहरा दुख जताया
अफगानिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने शापूर जादरान के निधन पर गहरा दुख जताया। बोर्ड ने अपने बयान में कहा कि शापूर उन खिलाड़ियों में शामिल थे, जिन्होंने अफगानिस्तान क्रिकेट की मजबूत नींव रखने में महत्वपूर्ण योगदान दिया। उनके समर्पण, मेहनत और जुनून ने देश में क्रिकेट को आगे बढ़ाने में बड़ी भूमिका निभाई। उन्होंने शुरुआती दौर में टीम को अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट तक पहुंचाने के सफर में अहम योगदान दिया और आने वाली पीढ़ी के खिलाड़ियों के लिए प्रेरणा बने।

शापूर जादरान हेमोफैगोसाइटिक लिम्फोहिस्टियोसाइटोसिस (HLH) नाम की एक दुर्लभ और जानलेवा बीमारी से पीड़ित थे। इस बीमारी में शरीर की प्रतिरक्षा प्रणाली (इम्यून सिस्टम) जरूरत से ज्यादा सक्रिय हो जाती है और शरीर के स्वस्थ अंगों को भी नुकसान पहुंचाने लगती है। परिवार के अनुसार, उन्हें गंभीर संक्रमण भी हो गया था, जो धीरे-धीरे शरीर के कई हिस्सों में फैल गया। इसी वजह से उनकी हालत लगातार बिगड़ती गई और आखिरकार उन्होंने अंतिम सांस ली।
शापूर जादरान का क्रिकेट करियर
अगर उनके क्रिकेट करियर की बात करें तो शापूर जादरान ने साल 2009 में अफगानिस्तान के लिए अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण किया था। उन्होंने अपने करियर में 44 वनडे और 36 टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच खेले। वनडे क्रिकेट में उन्होंने 43 विकेट लिए, जबकि टी20 अंतरराष्ट्रीय में उनके नाम 37 विकेट दर्ज हैं। उन्होंने अपना आखिरी अंतरराष्ट्रीय मैच साल 2020 में खेला था। इसके बाद भी वह घरेलू क्रिकेट खेलते रहे और 2022 में अपना आखिरी प्रतिस्पर्धी मुकाबला खेला। जनवरी 2025 में उन्होंने आधिकारिक रूप से क्रिकेट से संन्यास लेने की घोषणा की थी। शापूर जादरान का निधन अफगानिस्तान क्रिकेट के लिए एक बड़ी क्षति माना जा रहा है। उनके योगदान को हमेशा याद किया जाएगा और क्रिकेट जगत उन्हें एक संघर्षशील और समर्पित खिलाड़ी के रूप में याद रखेगा।