Mitchell Starc : ऑस्ट्रेलिया के स्टार तेज गेंदबाज मिचेल स्टार्क ने मंगलवार को टी-20 इंटरनेशनल क्रिकेट से संन्यास लेने का ऐलान किया। 2026 में होने वाले टी-20 वर्ल्ड कप से पहले यह फैसला ऑस्ट्रेलिया की क्रिकेट टीम के लिए एक बड़ा झटका माना जा रहा है। स्टार्क, जो 2021 टी-20 वर्ल्ड कप विजेता ऑस्ट्रेलियाई टीम का अहम हिस्सा थे, अब इस फॉर्मेट में अपने देश के लिए खेलते नहीं दिखाई देंगे। हालांकि, उन्होंने यह स्पष्ट किया कि वह टेस्ट और वनडे क्रिकेट में अपने योगदान को जारी रखेंगे और आईपीएल जैसी डोमेस्टिक लीग में भी सक्रिय रहेंगे।
2021 वर्ल्ड कप के बाद नहीं खेला कोई टी-20 मैच
मिचेल स्टार्क ने अपने संन्यास के फैसले के पीछे के कारणों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि 2024 टी-20 वर्ल्ड कप के बाद से उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के लिए एक भी टी-20 मैच नहीं खेला। उन्होंने यह भी बताया कि उनका फोकस अब टेस्ट और वनडे क्रिकेट पर है। स्टार्क का मानना है कि आने वाले वर्षों में भारत के टेस्ट दौरे, एशेज और 2027 वनडे वर्ल्ड कप को देखते हुए उन्हें खुद को तरोताजा रखने के लिए यह फैसला लेना जरूरी था। स्टार्क ने कहा, “टेस्ट क्रिकेट हमेशा से मेरी पहली प्राथमिकता रही है। मैंने ऑस्ट्रेलिया के लिए खेले गए हर टी-20 मैच का पूरा आनंद लिया, विशेष रूप से 2021 वर्ल्ड कप का। हम न केवल जीतें, बल्कि उस दौरान शानदार टीम के साथ खेलने का अनुभव भी बेहतरीन था।”
स्टार्क की टी-20 इंटरनेशनल करियर की उपलब्धियां
मिचेल स्टार्क ने 2012 में टी-20 इंटरनेशनल में पदार्पण किया था। अपने करियर में उन्होंने 65 टी-20 इंटरनेशनल मैचों में ऑस्ट्रेलिया का प्रतिनिधित्व किया और 23.81 के औसत से 79 विकेट झटके। स्टार्क, जो ऑस्ट्रेलिया के लिए टी-20 फॉर्मेट में दूसरे सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज हैं, एडम जम्पा के बाद इस सूची में आते हैं। जम्पा ने 103 मैचों में 130 विकेट चटकाए हैं।
टेस्ट और वनडे में बने रहेंगे सक्रिय
हालांकि स्टार्क टी-20 क्रिकेट से संन्यास ले रहे हैं, लेकिन वह टेस्ट और वनडे क्रिकेट में सक्रिय रहेंगे। उनका यह निर्णय क्रिकेट में लंबी अवधि तक अपनी उपस्थिति बनाए रखने और अगले कुछ वर्षों में होने वाली बड़ी सीरीज और टूर्नामेंट्स के लिए खुद को फिट और तैयार रखने के उद्देश्य से लिया गया है। स्टार्क ने कहा, “मेरे लिए यह निर्णय मेरे करियर की दिशा के बारे में है। भारत के खिलाफ टेस्ट सीरीज, एशेज और 2027 वनडे वर्ल्ड कप जैसे बड़े टूर्नामेंट्स के लिहाज से मुझे फिटनेस बनाए रखने की जरूरत है।”
ऑस्ट्रेलिया के लिए एक बड़ा खालीपन
स्टार्क का टी-20 क्रिकेट से संन्यास लेना ऑस्ट्रेलिया क्रिकेट के लिए बड़ा नुकसान है। स्टार्क ने अपनी तेज गेंदबाजी से टीम को कई मैच जीताए हैं। उनका संन्यास, खासकर अगले कुछ वर्षों में टी-20 वर्ल्ड कप जैसे बड़े टूर्नामेंटों के लिए, ऑस्ट्रेलिया की गेंदबाजी यूनिट में एक बड़ा खालीपन पैदा करेगा।
आईपीएल में स्टार्क का भविष्य
इसके अलावा, मिचेल स्टार्क ने यह भी साफ किया कि वह आईपीएल जैसे डोमेस्टिक टी-20 लीग्स में खेलते रहेंगे। आईपीएल में वह पहले ही अपनी गेंदबाजी से धमाल मचा चुके हैं, और अब भी वह कई फ्रेंचाइजियों के लिए एक आकर्षण बने हुए हैं। आईपीएल में उनकी उपस्थिति ऑस्ट्रेलिया के अन्य खिलाड़ियों के लिए भी एक प्रेरणा बनी हुई है।

