धर्मशाला : पंजाब किंग्स वीरवार को हिमाचल प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन स्टेडियम में मुंबई इंडियंस के खिलाफ अपने अहम आईपीएल 2026 मुकाबले में उतरेगी। इस मैच में पंजाब के प्लेऑफ में पहुंचने की उम्मीदें दांव पर लगी हैं, क्योंकि उनका सामना एक ऐसी टीम से है जो टूर्नामैंट से बाहर हो चुकी है, लेकिन जो दूसरी टीमों का खेल बिगाड़ने की क्षमता रखती है। लगातार 4 हार ने टीम की लय तोड़ दी है, जिससे वह प्वाइंट टेबल में चौथे स्थान पर खिसक गई है।
टीम ने इस सीजन में कई बार 200 रन का आंकड़ा पार किया है, जिसका श्रेय उनके निडर टॉप ऑर्डर को जाता है। ओपनर प्रियांश आर्य और प्रभसिमरन सिंह ने टीम को तेज शुरुआत दी है, जबकि कूपर कोनोली और कप्तान श्रेयस अय्यर जैसे लगातार अच्छा प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों ने मिडिल ऑर्डर को मजबूती दी है। श्रेयस अय्यर खास तौर पर बेहतरीन फॉर्म में हैं; उन्होंने एक तरफ पारी को संभाला है, तो दूसरी तरफ तेज स्ट्राइक रेट भी बनाए रखा है।
गेंदबाजी की बात करें तो, हाल के मैचों में पंजाब की मुश्किलें साफ नजर आई हैं। अर्शदीप सिंह, जो टीम के सबसे भरोसेमंद विकेट लेने वाले गेंदबाज रहे हैं, उनके प्रयासों के बावजूद टीम के गेंदबाज बड़े स्कोर का बचाव करने में बार-बार नाकाम रहे हैं। सहायक गेंदबाजों ने अहम मौकों पर खूब रन लुटाए हैं, जिससे दबाव वाले हालात में टीम की गेंदबाजी में गहराई और नियंत्रण की कमी साफ जाहिर हुई है। मुंबई की टीम बिना किसी प्लेऑफ दबाव के धर्मशाला पहुंची है, लेकिन उनके लिए अपनी साख दांव पर लगी है।
5 बार की चैंपियन यह टीम अभी नौवें स्थान पर है और प्लेऑफ की दौड़ से पहले ही बाहर हो चुकी है। उनके हालिया प्रदर्शन से पता चलता है कि वे अब भी एक खतरनाक टीम हैं और विरोधी टीमों की योजनाओं को बिगाड़ने की क्षमता रखती हैं। मुंबई के लिए एक अच्छी बात यह रही है कि उनके अनुभवी ओपनर रोहित शर्मा एक बार फिर फॉर्म में लौट आए हैं। दक्षिण अफ़्रीकी विकेटकीपर-बल्लेबाज रयान रिकेल्टन इस सीजन में मुंबई के सबसे लगातार अच्छा प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ी रहे हैं, जबकि तिलक वर्मा और नमन धीर ने मिडिल ऑर्डर में अहम रन बनाए हैं।
गेंदबाजी डिपार्टमैंट में स्थिरता की कमी टूर्नामैंट से उनके जल्दी बाहर होने का एक बड़ा कारण रही है। अनुभवी तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह का प्रदर्शन भी अपने स्तर के हिसाब से इस सीजन में काफी शांत रहा है, जिससे मुंबई की मुश्किलें और बढ़ गई हैं। हैड-टू-हैड रिकॉर्ड थोड़ा पंजाब के पक्ष में है, जिसने दोनों टीमों के बीच पिछले 4 मुकाबलों में से 3 जीते हैं, जिसमें इस सीजन की शुरुआत में वानखेड़े स्टेडियम में मिली एक शानदार जीत भी शामिल है।

