नई दिल्ली : ट्रीसा जॉली और गायत्री गोपीचंद ने शुक्रवार को रोमांचक क्वार्टरफाइनल में चीन की जिया यी फैन और झांग शू जियान को हराकर वर्ल्ड चैंपियनशिप के सैमीफाइनल में जगह बनाई और महिला डबल्स में भारत का लंबे समय से चला आ रहा मैडल का इंतजार खत्म किया। भारतीय जोड़ी ने पहला गेम हारने के बाद शानदार वापसी करते हुए 16-21, 21-15, 21-13 से जीत दर्ज की। ट्रीसा और गायत्री जिया और झांग के खिलाफ अपने पिछले तीनों मुकाबले हार चुकी थीं।
भारतीय जोड़ी ने पहले गेम में 1-6 से पिछड़ने के बाद वापसी की, लेकिन चीनी जोड़ी ने 21-16 से गेम जीत लिया। दूसरे गेम में भी चीन ने 5-1 की बढ़त बनाई, लेकिन ट्रीसा और गायत्री ने आक्रामक खेल दिखाते हुए 21-15 से गेम जीतकर मुकाबला निर्णायक गेम तक पहुंचा दिया। निर्णायक गेम में भारतीय खिलाड़ियों ने शुरुआत से ही दबाव बनाया और 11-5 की बढ़त हासिल की। इसके बाद उन्होंने बढ़त को 17-9 तक पहुंचाया और अंत में 21-13 से गेम जीतकर सैमीफाइनल में जगह पक्की कर ली।
इस जीत के साथ वर्ल्ड चैंपियनशिप के महिला डबल्स में भारत का 15 साल का इंतजार खत्म हुआ। भारत को आखिरी मेडल 2011 में मिला था, जब ज्वाला गुट्टा और अश्विनी पोनप्पा ने लंदन में ब्रॉन्ज मैडल जीता था। ट्रीसा और गायत्री ने मुश्किल रिहैबिलिटेशन के बाद इंडोनेशिया ओपन से वापसी की थी। इसके बाद उन्होंने यूएस ओपन में हिस्सा लिया और इस महीने फिलीपीन इंटरनैशनल चैलेंज का खिताब जीता। दोनों ने 2022 कॉमनवैल्थ गेम्स में ब्रॉन्ज मैडल जीता था और 2025 की शुरुआत में दुनिया की टॉप-10 रैंकिंग में जगह बनाई थी। अब उन्होंने वर्ल्ड चैंपियनशिप का मैडल भी पक्का कर लिया है।

