-
जब समय की अनंत धारा करवट लेती है, तो इतिहास के पन्नों पर कुछ ऐसी इबारतें अंकित की जाती हैं जो आने वाली कई सदियों का भाग्य और वैश्विक सभ्यताओं की दिशा निर्धारित करती हैं। 23 मई, 1951 को हस्ताक्षरित ‘17-सूत्रीय समझौता‘ आधुनिक चीन और विशेष रूप से शीत्सांग (शीत्सांग स्वायत्त प्रदेश) के इतिहास में.