Coaching institute Fire News: राजधानी लखनऊ के अलीगंज इलाके में सोमवार दोपहर एक कोचिंग संस्थान में भीषण आग लग गई। इस घटना में 14 लोगों की मौत हो गई है। मृतकों की उम्र 20 से 24 साल बताई जा रही है। इस घटना के बाद इलाके में शोक की लहर दौड़ गई है। आग इतनी तेजी से फैली कि वहां मौजूद छात्रों और शिक्षकों में अफरा-तफरी मच गई। घटना के समय कोचिंग में 30 से अधिक छात्र मौजूद थे।
पहले के अपडेट के मुताबिक, यह कोचिंग संस्थान एक पेट शॉप के ऊपर स्थित है। बताया जा रहा है कि सबसे पहले इमारत की तीसरी मंजिल पर आग लगी। कुछ ही मिनटों में आग ने विकराल रूप धारण कर लिया और पूरे कोचिंग संस्थान को अपनी चपेट में ले लिया।
जान बचाने के लिए छात्रों ने दूसरी मंजिल से लगाई छलांग
आग फैलने के बाद कोचिंग के अंदर धुआं भर गया और बाहर निकलने का रास्ता मुश्किल हो गया। कई छात्र-छात्राओं ने जान बचाने के लिए दूसरी मंजिल से नीचे छलांग लगा दी। कुछ छात्र पास से गुजर रहे तारों के सहारे नीचे उतरने की कोशिश करते दिखाई दिए। इस दौरान दो छात्र घायल हो गए, जिनमें एक छात्रा भी शामिल है। घायलों को तुरंत उपचार के लिए भेजा गया।
#WATCH लखनऊ, उत्तर प्रदेश: पुरानिया इलाके के पास अलीगंज लाइब्रेरी में आग लग गई, आग बुझाने और बचाव का काम जारी है। अधिक जानकारी की प्रतीक्षा है। pic.twitter.com/xRt86CqQzr
— ANI_HindiNews (@AHindinews) June 22, 2026
कई छात्रों के फंसे होने की आशंका
स्थानीय लोगों के अनुसार, आग लगने के बाद काफी देर तक अंदर से मदद की आवाजें सुनाई देती रहीं। आशंका जताई जा रही है कि कुछ छात्र अभी भी कोचिंग संस्थान के अंदर फंसे हो सकते हैं। हालांकि प्रशासन की ओर से इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
देर से पहुंची फायर ब्रिगेड
प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि आग लगने के बाद करीब आधे घंटे तक फायर ब्रिगेड मौके पर नहीं पहुंच सकी। इस दौरान आग लगातार फैलती रही। बाद में कई दमकल गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और आग पर काबू पाने का प्रयास शुरू किया गया।
राहत और बचाव कार्य जारी
फायर ब्रिगेड की टीम लगातार आग बुझाने और अंदर फंसे लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने में जुटी हुई है। पुलिस और प्रशासन के अधिकारी भी मौके पर मौजूद हैं और स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं।
मुख्यमंत्री ने लिया घटना का संज्ञान
घटना की जानकारी मिलने के बाद मुख्यमंत्री ने मामले का संज्ञान लिया है। उन्होंने अधिकारियों को तुरंत घटनास्थल पर पहुंचने के निर्देश दिए हैं। साथ ही राहत और बचाव कार्य में तेजी लाने तथा घायलों को बेहतर से बेहतर इलाज उपलब्ध कराने के आदेश दिए हैं।
मुख्यमंत्री ने प्रशासनिक अधिकारियों को हर स्तर पर सतर्कता बरतने और बचाव कार्य को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए हैं। प्रशासन की ओर से स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही है और सभी आवश्यक संसाधन मौके पर भेजे गए हैं।

