Site icon Dainik Savera Times

मुजफ्फरनगर का बदला जाएगा नाम! विधानसभा में उठी मांग

Muzaffarnagar : उत्तर प्रदेश विधान परिषद में भाजपा के मोहित बेनीवाल ने मुजफ्फरनगर का नाम बदलकर लक्ष्मी नगर किए जाने की मांग उठाई। इसे लेकर विपक्षी दलों के विधायकों ने प्रतिक्रियाएं दी हैं।

कांग्रेस विधानमंडल दल की नेता आराधना मिश्रा ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी के नाम बदलने से उत्तर प्रदेश का मुकद्दर नहीं बदलेगा। क्या जिस जगह नाम बदल गए, वहां के लोगों को रोजगार मिल गया है? क्या वहां का विकास हो गया है? क्या उन जगहों की कानून व्यवस्था ठीक हो गई है? राजनीतिक उद्देश्य बंद करें। प्रदेश की जनता से जुड़ी हुई चीजों पर बातें करें।

उन्होंने संभल मामले पर कहा कि जो जिसका है, वो उसे मिल जाए। इसमें किसी को दिक्कत नहीं है। यह तो न्यायालय भी कह रही है और कांग्रेस भी कह रही है। जो काम हो, न्यायोचित हो।

सपा के सरधना विधायक अतुल प्रधान ने कहा कि नाम बदलने का ट्रेंड भाजपा में चल रहा है। मैं मुजफ्फरनगर के विधायक से कहना चाहता हूं कि वो जहां के रहने वाले हैं। वह गन्ने का क्षेत्र है। अगर वह वहीं से चिल्लाकर कह देते कि गन्ना किसान परेशान हैं, उनका पेमेंट नहीं हो रहा है। तीन साल से एक रुपए नहीं बढ़ा है और लगातार घटतौल और बेईमानी हो रही है। वहां की 70 से 80 फीसदी आबादी गन्ने पर आश्रित है। उसकी खेती करती है। इनके पास कोई काम नहीं है।

उन्होंने कहा कि बड़ौत में जैन समाज के नौ लोगों की जान चली गई थी। 50 से 60 लोग घायल हो गए। अगर मुद्दे उठाने हैं तो ऐसे उठाएं, जिससे जनता की परेशानी कम हो। सबसे ज्यादा घोटाला जलकल विभाग में हुआ है। उन्होंने संभल मामले पर कहा कि जो जिसका है, उसे मिलना चाहिए। 2027 में भाजपा की सरकार जाएगी तो जनता सबक सिखाएगी।

यूपी विधान परिषद में मंगलवार को भाजपा के मोहित बेनीवाल ने मुजफ्फरनगर का नाम बदलकर लक्ष्मी नगर किए जाने की मांग उठाई थी। उन्होंने कहा था कि हमारी परंपराओं के प्रति सम्मान के लिए जरूरी है कि हमारी भूमि और नगरों का नाम भी उसी अनुरूप रहें। ऐसे में महाभारत काल से जुड़े इस जिले का नाम बदला जाना जरूरी है।

Exit mobile version