Today Weather update : देश के कई हिस्सों में मानसून पूरी तरह सक्रिय हो चुका है और आज बुधवार को भी मौसम विभाग ने दिल्ली, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, हिमाचल, केरल, महाराष्ट्र और कुछ अन्य राज्यों के लिए भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। राजधानी दिल्ली और एनसीआर में आज बादलों की आवाजाही के साथ तेज बौछारें पड़ने की संभावना है। वहीं यूपी के कई जिलों में बिजली चमकने और मूसलधार बारिश का पूर्वानुमान है।
दिल्ली-एनसीआर में कैसा रहेगा मौसम?
देश की राजधानी दिल्ली में आज सुबह से ही बादल छाए हुए हैं और वहीं नमी बनी हुई है। बता दें कि मौसम विभाग ने येलो अलर्ट जारी किया है, जिसमें हल्की से मध्यम बारिश, बिजली चमकने और तेज हवाएं चलने की चेतावनी दी गई है। दिल्ली-एनसीआर में अधिकतम तापमान 32°C और न्यूनतम 26°C के आसपास रहने की संभावना है। खासकर लो-लाइनिंग इलाकों में यातायात पर असर और जलभराव की स्थिति बन सकती है।
#WATCH | Delhi: Rain lashes parts of the national capital.
(Visuals from Rajaji Marg) pic.twitter.com/HJ2vxn35uI
— ANI (@ANI) July 23, 2025
उत्तर प्रदेश के कई जिलों में बारिश का खतरा
लखनऊ, वाराणसी, गोरखपुर, मेरठ, प्रयागराज, कानपुर समेत कई जिलों में गरज-चमक के साथ तेज बारिश हो सकती है। मौसम विभाग ने कुछ पूर्वी और पश्चिमी जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। अगले 48 घंटों तक यूपी में बारिश की तीव्रता बनी रहने की संभावना है।
उत्तराखंड और हिमाचल में रेड अलर्ट
उत्तराखंड के नैनीताल, देहरादून, टिहरी और पौड़ी में भूस्खलन और भारी वर्षा का खतरा जताया गया है। हिमाचल प्रदेश में शिमला, मंडी, कुल्लू, चंबा, कांगड़ा में भारी बारिश, पहाड़ी रास्तों पर फिसलन और नदियों का जलस्तर बढ़ने की चेतावनी है। पर्यटन स्थलों पर जाने वाले लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
दक्षिण भारत और अन्य राज्य
केरल के कई जिलों में कोझिकोड, वायनाड, कासरगोड में रेड अलर्ट जारी किया गया है, जहां अगले 24 घंटे में बहुत भारी वर्षा की संभावना है। महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़, ओडिशा, और झारखंड के कुछ हिस्सों में भी आज अत्यधिक बारिश हो सकती है।
IMD की रिपोर्ट क्या कहती है?
भारतीय मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, आज देश के 20 से अधिक राज्यों में मानसूनी गतिविधियों के कारण तेज बारिश हो सकती है। समुद्री हवाओं और बंगाल की खाड़ी में बने सिस्टम की वजह से यह बारिश और तेज हो सकती है। कुछ राज्यों में फ्लैश फ्लड और भूस्खलन की स्थिति बन सकती है।

