शिमला: हिमाचल प्रदेश में नवरात्रों के आगमन के साथ ही कानून और व्यवस्था बनाए रखने और सार्वजनिक सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए पुलिस महानिदेशक अशोक तिवारी, आईपीएस ने सभी जिला पुलिस अधीक्षकों और रेंज आईजीपी/डीआईजी को निर्देश दिए हैं कि वे नवरात्रों के दौरान विशेष सावधानी बरतें और सार्वजनिक सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रभावी कदम उठाएं। डीजीपी ने कहा कि पुलिस अधीक्षक अपने अधीनस्थ अधिकारियों और कर्मियों को व्यक्तिगत रूप से ब्रीफ और डिब्रीफ करेंगे। रेंज आईजीपी/डीआईजी दैनिक आधार पर स्थिति की निगरानी और विश्लेषण करेंगे, जिसमें आगंतुकों की संख्या, यातायात स्थिति, पुलिस कर्मियों का मनोबल और कल्याण आदि शामिल हैं।
इसके साथ ही संभावित हॉटस्पॉट की निगरानी करने और सार्वजनिक सुरक्षा घटनाओं को रोकने के लिए खुफिया जानकारी इकट्ठा करने में सतर्क और सक्रीय रहने को भी कहा गया है। यह भी कहा गया कि प्रभावी भीड़ प्रबंधन रणनीतियों को लागू करना, भीड़ के आकार, घनत्व और संभावित जोखिमों का आकलन करे। भीड़ के प्रवाह को प्रबंधित करने के लिए बैरिकेड्स और नियंत्रण अभिगम बिंदु स्थापित करना। स्थानीय अधिकारियों और आपातकालीन सेवाओं के साथ स्पष्ट संचार चैनल स्थापित करने सहित एजेंसियों और इकाइयों के बीच खुफिया जानकारी साझा करने को प्रोत्साहित करे, ताकि संभावित सुरक्षा और अन्य खतरों के बारे में सर्तक रहे।
खासकर सोशल मीडिया प्लेटफॉमोर्ं की बारीकी से निगरानी करना ताकि गलत जानकारी या अफवाहों की पहचान और समाधान किया जा सके जो सार्वजनिक सुरक्षा घटनाओं का कारण बन सकते हैं। मंदिर प्राधिकरणों और स्थानीय प्रशासन के साथ समन्वय करने को कहा गया है । पुलिस महानिदेशक अशोक तिवारी ने कहा कि त्योहार के मौसम के दौरान सार्वजनिक सुरक्षा सुनिश्चित करने और कानून और व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस की सRिय दृष्टिकोण और प्रभावी योजना महत्वपूर्ण होगी।