
करनाल। नेहरू पैलेस स्थित सारा ज्वेलर्स के मालिक लविश के सेक्टर-9 स्थित आवास में गुरुवार शाम बड़ी लूट की वारदात सामने आई। बाहर से आए दो स्कूटी सवार बदमाशों ने नौकरानी रीमा (नेपाल निवासी) की मदद से घर में चोरी की साजिश रची। बदमाशों ने सबसे पहले सीसीटीवी कैमरे बंद किए और फिर घर में अकेली मौजूद बुजुर्ग मां और बिहार की रहने वाली दूसरी नौकरानी पर स्प्रे कर उन्हें बेहोश कर दिया।
इसके बाद तीनों ने मिलकर घर के दो कमरों की अलमारियां और लॉकर तोड़कर सोने-चांदी के गहने और नकदी लेकर फरार हो गए। घटना का खुलासा तब हुआ जब सर्राफ का पोता शाम करीब 7:30 बजे ट्यूशन से लौटा और घर का सामान बिखरा हुआ पाया।
सूचना पर पुलिस और फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। सेक्टर-32 थाना पुलिस ने केस दर्ज कर चार टीमें गठित की हैं। फिलहाल बुजुर्ग मां और नौकरानी का इलाज निजी अस्पताल में चल रहा है।
नौकरानी पर बढ़ा शक
थाना प्रभारी मनोज कुमार ने बताया कि सीसीटीवी फुटेज में शाम 4:22 बजे दो आरोपी स्कूटी से घर में दाखिल होते दिखे। फुटेज के बाद कैमरे बंद हो गए। नौकरानी के फरार होने से उस पर शक गहराया है।
परिवार के सदस्य शोरूम में थे व्यस्त
लविश के बेटे वंश ने बताया कि त्योहार के कारण परिवार के सभी सदस्य शोरूम पर ड्यूटी दे रहे थे। घर पर केवल बुजुर्ग मां और दोनों नौकरानियां थीं। शाम को छोटा भाई आर्यन जब घर आया तो उसने दादी को बेहोश पाया।
पड़ोसी ने पहुंचाई मदद
पड़ोसी समाजसेवी एस.पी. चौहान ने बताया कि उन्होंने सबसे पहले घर पहुंचकर स्थिति संभाली और लविश की मां और नौकरानी को निजी अस्पताल पहुंचाया। डॉक्टरों ने दोनों की हालत अब स्थिर बताई है।
एजेंसी के जरिए रखी गई थी नौकरानी
पंचकूला निवासी लविश के चाचा कैलाश गोयल ने बताया कि 13 सितंबर को दिल्ली की एक एजेंसी से नौकरानी रीमा को रखा गया था। नौकरी ज्वाइन किए अभी एक महीना भी नहीं हुआ था।
सिक्योरिटी गार्ड नहीं था घर पर
वंश ने बताया कि दो सिक्योरिटी गार्ड हैं, लेकिन गुरुवार को एक को शोरूम भेजा गया था। वारदात के दौरान घर पर कोई गार्ड मौजूद नहीं था, जिसका फायदा नौकरानी ने उठाया। एसपी गंगाराम पूनिया ने कहा कि चार विशेष जांच टीमें गठित की गई हैं और जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।