तिरुवनंतपुरम: केरल विधानसभा चुनाव की मतगणना के शुरुआती रुझानों में यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट (UDF) ने बहुमत का आंकड़ा पार कर लिया है। इसके साथ ही राज्य में करीब 10 साल बाद सत्ता में उसकी वापसी का रास्ता साफ होता दिख रहा है। इस बढ़त के बाद भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने जोरदार जश्न मनाया। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता जैसे केसी वेणुगोपाल, रमेश चेन्निथला, सन्नी जोसेफ और शशि थरूर तिरुवनंतपुरम में पार्टी मुख्यालय पहुंचे। यहां उन्होंने केक काटकर और एक-दूसरे को बधाई देकर जीत की खुशी साझा की।
भारत निर्वाचन आयोग के अनुसार, राज्य की 140 सीटों के रुझानों में UDF करीब 91 सीटों पर आगे चल रहा है। कांग्रेस 58 सीटों पर बढ़त बनाए हुए है। इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग (IUML) 22 सीटों पर आगे चल रहा है। वहीं लेफ्ट डेमोक्रेटिक फ्रंट (LDF) करीब 40 सीटों पर सिमटा हुआ है। इससे साफ है कि पिनाराई विजयन के नेतृत्व वाली सरकार का कार्यकाल खत्म होता नजर आ रहा है।
जैसे ही UDF ने बहुमत का आंकड़ा पार किया, पार्टी कार्यालय में जश्न का माहौल बन गया। नेताओं ने एक-दूसरे को गले लगाया और जीत का इशारा करते हुए हाथ उठाए। शशि थरूर ने इस बढ़त को जनता के बदलाव के मूड का संकेत बताया। उन्होंने कहा कि 10 साल बाद लोग नई राजनीति चाहते हैं और उनकी पार्टी उसी बदलाव का प्रतिनिधित्व करती है।
वहीं एम.ए. बेबी, जो भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) (CPI-M) के वरिष्ठ नेता हैं, ने कहा कि ये सिर्फ शुरुआती रुझान हैं और आगे स्थिति बदल सकती है। उन्होंने LDF सरकार की उपलब्धियां गिनाते हुए कहा कि उनके शासन में केरल में अत्यधिक गरीबी खत्म हुई है और शिक्षा, स्वास्थ्य और सामाजिक सुरक्षा के क्षेत्र में राज्य ने बेहतरीन काम किया है।
राज्य में मतगणना की प्रक्रिया पोस्टल बैलेट से शुरू हुई, जिसके बाद EVM के वोट गिने जा रहे हैं। हर राउंड के नतीजे चुनाव आयोग के आधिकारिक प्लेटफॉर्म पर लगातार अपडेट किए जा रहे हैं। सुरक्षा के कड़े इंतजामों के बीच यह पूरी प्रक्रिया जारी है। शुरुआती रुझान साफ संकेत दे रहे हैं कि केरल में इस बार सत्ता परिवर्तन हो सकता है। अब सबकी नजर अंतिम नतीजों पर है, जो यह तय करेंगे कि UDF की वापसी आधिकारिक रूप से कब होती है।
मेष: दिन शुभ रहेगा...