Legal Awareness Programme Held at ACDC : कुल्लू। आश बाल विकास केंद्र, गांधीनगर में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (DLSA), कुल्लू के सहयोग से अभिभावकों के लिए कानूनी जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में निःशुल्क विधिक सहायता, मानवाधिकार, मौलिक अधिकार और दिव्यांगजनों के कानूनी अधिकारों एवं संरक्षण से जुड़े प्रावधानों की जानकारी दी गई।
उन्होंने मानवाधिकार एवं मौलिक अधिकार, विधिक सेवा प्राधिकरण अधिनियम, नालसा (NALSA) तथा दिव्यांगजन अधिकार अधिनियम (Rights of Persons with Disabilities Act), 2016 से संबंधित महत्वपूर्ण प्रावधानों की जानकारी प्रदान की। श्री भारद्वाज ने अभिभावकों को विशेष रूप से निःशुल्क विधिक सहायता की उपलब्धता, पात्रता एवं प्रक्रिया, दिव्यांगजनों के अधिकारों तथा उनके लिए उपलब्ध कानूनी संरक्षण के संबंध में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि कानूनी अधिकारों की जानकारी परिवारों को अपने अधिकारों के प्रभावी उपयोग तथा आवश्यकता पड़ने पर उचित विधिक सहायता प्राप्त करने में सक्षम बनाती है।
कार्यक्रम के दौरान माताओं ने विभिन्न कानूनी विषयों से संबंधित प्रश्न पूछे, जिनका विशेषज्ञ द्वारा सरल एवं व्यावहारिक तरीके से समाधान किया गया। संवादात्मक सत्र के माध्यम से अभिभावकों को अपने अधिकारों और उपलब्ध सहायता तंत्र को समझने का अवसर मिला। डॉ श्रुति मोरे भारद्वाज. निदेशक, सांफिआ फाउंडेशन ने जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, कुल्लू तथा श्री विशाल तिवारी जी का इस महत्वपूर्ण एवं ज्ञानवर्धक जागरूकता सत्र के आयोजन एवं सहयोग के लिए हार्दिक आभार व्यक्त किया। उन्होनें कहा कि ऐसे कार्यक्रम दिव्यांग बच्चों एवं उनके परिवारों को अधिकारों के प्रति जागरूक बनाने और उन्हें उपलब्ध सेवाओं एवं विधिक सहायता से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।