
नेशनल डेस्क: कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने बिहार में चुनाव से पहले मतदाता सूची में गड़बड़ी और धांधली के आरोप लगाए हैं। उन्होंने चुनाव आयोग (ECI) की निष्पक्षता पर सवाल उठाते हुए कहा, “क्या चुनाव आयोग अब भी ‘चुनाव आयोग’ है या भाजपा की ‘चुनाव चोरी शाखा’ बन गया है?” राहुल गांधी ने X (पूर्व ट्विटर) पर एक वीडियो साझा किया, जिसमें दावा किया गया कि कुछ सरकारी कर्मचारी मतदाताओं की जानकारी के बिना फॉर्म भर रहे हैं और हस्ताक्षर कर रहे हैं। इसी वीडियो को लेकर उन्होंने चुनाव आयोग पर गंभीर आरोप लगाए।

वीडियो के साथ पोस्ट में राहुल गांधी ने लिखा, “बिहार में चुनाव आयोग ‘SIR’ के नाम पर वोट चुराते रंगे हाथों पकड़ा गया। इनका काम सिर्फ़ चोरी है, नाम ‘SIR’ – इनका पर्दाफ़ाश करने वालों पर FIR दर्ज होगी!” कांग्रेस नेता ने सवाल किया कि क्या चुनाव आयोग अब चुनाव आयोग ही रह गया है या भाजपा की ‘इलेक्शन चोरी ब्रांच’ बन चुका है? यह बयान उस समय आया है जब बिहार में आगामी विधानसभा चुनावों की तैयारियां जोरों पर हैं।
SIR यानी Special Intensive Revision (विशेष गहन पुनरीक्षण) यह मतदाता सूची को अपडेट करने की एक प्रक्रिया है, जिसमें पुराने नाम हटाए जाते हैं और नए नाम जोड़े जाते हैं। हाल ही में सुप्रीम कोर्ट ने चुनाव आयोग को SIR प्रक्रिया जारी रखने की अनुमति दी है और आयोग से आधार, राशन कार्ड, वोटर ID जैसे दस्तावेजों को पहचान के लिए मान्य करने पर विचार करने को कहा है।
भारतीय चुनाव आयोग ने बताया कि बिहार में 80.11% लोगों ने अब तक अपने फॉर्म जमा कर दिए हैं, और वे 25 जुलाई की समय सीमा से पहले काम पूरा करने की दिशा में बढ़ रहे हैं। बिहार में विधानसभा चुनाव अक्टूबर या नवंबर 2025 में होने की संभावना है। हालांकि आधिकारिक तारीख की घोषणा नहीं की गई है। इस बार बिहार में भाजपा-जदयू और लोजपा की एनडीए सरकार को सत्ता में बनाए रखने की चुनौती होगी, जबकि राजद-कांग्रेस और वाम दलों का INDIA गठबंधन नीतीश कुमार को हटाने की कोशिश में है।