नेशनल डेस्क : तमिलनाडु के विरुधुनगर जिले में रविवार सुबह एक पटाखा फैक्ट्री में जोरदार धमाका हुआ, जिससे पूरे इलाके में दहशत फैल गई। विस्फोट इतना जोरदार था कि आसपास के इलाकों में भी इसकी आवाज सुनाई दी। धमाके के बाद आसमान में धुएं का घना गुबार छा गया, जिसके वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आए हैं। हालांकि अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि कितने लोग इस हादसे में घायल या प्रभावित हुए हैं। स्थानीय प्रशासन और राहत एवं बचाव दल मौके पर पहुंच चुके हैं, और बचाव कार्य तेजी से चल रहा है। आइए जानते है इस खबर को विस्तार से…
कुछ दिन पहले शिवकाशी में भी हुआ था धमाका
दरअसल, यह पहला मामला नहीं है। कुछ ही दिन पहले तमिलनाडु के शिवकाशी जिले में भी ऐसी ही एक घटना हुई थी, जहां पटाखा निर्माण इकाई में जोरदार विस्फोट हो गया था। उस हादसे में कम से कम पांच मजदूरों की मौत हो गई थी, जिनमें दो महिलाएं भी शामिल थीं। विस्फोट इतना तेज था कि फैक्ट्री में भीषण आग लग गई और पूरी यूनिट जलकर खाक हो गई। दमकल विभाग की कई गाड़ियों को आग बुझाने में लगाया गया। पुलिस और बचाव टीम ने तुरंत पहुंचकर घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया। घटना के समय फैक्ट्री में काम कर रहे कई लोग गंभीर रूप से झुलस गए थे।
VIDEO | Tamil Nadu: An explosion occurred at a firework factory in Virudhunagar earlier today, leaving several injured. More details are awaited.
(Full video available on PTI Videos – https://t.co/n147TvrpG7) pic.twitter.com/3BArK8uE74
— Press Trust of India (@PTI_News) July 6, 2025
लगातार हो रहे हादसे, सवालों के घेरे में सुरक्षा व्यवस्था
तमिलनाडु के शिवकाशी और विरुधुनगर पटाखा उद्योग के बड़े केंद्र माने जाते हैं, जहां सैकड़ों फैक्ट्रियां चलती हैं और हजारों मजदूर काम करते हैं। लेकिन सुरक्षा मानकों की अनदेखी और निगरानी की कमी के कारण बार-बार हादसे हो रहे हैं। इन दो हालिया घटनाओं ने प्रशासन की सतर्कता और औद्योगिक सुरक्षा प्रबंधन पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि अगर उचित सुरक्षा उपाय और नियमित निरीक्षण हो तो इस तरह के घातक हादसों से बचा जा सकता है।
फैक्ट्रियों में काम करने वालों की जिंदगी दांव पर
पटाखा फैक्ट्रियों में काम करने वाले मजदूरों को कम वेतन, लंबे समय तक काम, और खतरनाक परिस्थितियों में कार्य करना पड़ता है। कई बार ये मजदूर प्रशिक्षण के बिना ही ज्वलनशील सामग्री के साथ काम करते हैं, जो इन हादसों का कारण बनते हैं। हर हादसे के बाद कुछ दिन के लिए प्रशासनिक सक्रियता दिखती है, लेकिन फिर स्थिति वैसी की वैसी हो जाती है। ज़रूरत है कि इस मुद्दे को स्थायी और गंभीर नीति के साथ सुलझाया जाए।
स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं अधिकारी
फिलहाल विरुधुनगर में हुए विस्फोट के बाद राहत एवं बचाव कार्य जारी है। प्रशासन की ओर से घायलों को इलाज मुहैया कराया जा रहा है। जिलाधिकारी और वरिष्ठ पुलिस अधिकारी घटनास्थल पर मौजूद हैं और स्थिति की लगातार निगरानी कर रहे हैं। अपडेट जारी है…