पंजाब डेस्क: अमृतसर के फतेहपुर क्षेत्र में नकली शराब के अवैध कारोबार का पर्दाफाश करते हुए आबकारी विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम ने बड़ी कार्रवाई की है। छापेमारी के दौरान 45 बोतलें नकली शराब जब्त की गईं, जबकि मुख्य आरोपी सागू और लाली मौके से फरार हो गए। दोनों आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने सघन तलाशी अभियान शुरू कर दिया है।
-सूचना के आधार पर की गई कार्रवाई
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, उन्हें गुप्त सूचना मिली थी कि फतेहपुर क्षेत्र में लंबे समय से नकली शराब का कारोबार चल रहा है। इसके बाद आबकारी विभाग के साथ मिलकर गेट हकीमा थाना क्षेत्र में छापेमारी की गई। इस दौरान 9 पैकेटों में कुल 45 बोतलें नकली शराब बरामद हुईं। जांच में सामने आया कि यह शराब ब्रांडेड बोतलों में भरकर स्थानीय बाजार में बेची जा रही थी।
-अभी भी सक्रिय हैं नकली शराब के गिरोह
हालांकि प्रशासनिक कार्रवाई के बावजूद अमृतसर के विभिन्न इलाकों में नकली शराब के गोरखधंधे जारी हैं। यह ताजा मामला इस बात का प्रमाण है कि ऐसे अवैध नेटवर्क पूरी तरह खत्म नहीं हुए हैं। पुलिस सूत्रों के अनुसार, कई बार आरोपी नए इलाकों में ठिकाने बदलकर अपना धंधा जारी रखते हैं, जिससे उनकी पहचान और गिरफ्तारी मुश्किल हो जाती है।
-जारी है जांच और तलाशी अभियान
फतेहपुर में हुई इस कार्रवाई के बाद पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है और उनकी तलाश के लिए संभावित ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही दोनों फरार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। इसके साथ ही नकली शराब के पूरे नेटवर्क को उजागर करने के लिए जांच तेज़ कर दी गई है।
-मजीठा कांड के बाद बढ़ी सतर्कता
गौरतलब है कि कुछ सप्ताह पहले मजीठा क्षेत्र में नकली शराब पीने से 26 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई थी। इस हादसे ने पूरे प्रशासन को झकझोर कर रख दिया था। उस मामले में कई गिरफ्तारियां हुईं और लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर निलंबन की गाज भी गिरी। इसके बाद से जिले भर में नकली शराब के खिलाफ मुहिम तेज़ कर दी गई है।

