
भाखड़ा डैम खतरे के निशान पर
हिमाचल के ऊपरी इलाकों में तेज बारिश और बादल फटने की घटनाओं से भाखड़ा डैम का जलस्तर तेजी से बढ़ गया। जलस्तर 1679 फीट तक पहुंच गया, जो खतरे के निशान से सिर्फ 1 फीट नीचे है। बीबीएमबी ने डैम के चार फ्लड गेट खोल दिए और करीब 85 हजार क्यूसेक पानी छोड़ा। इस पानी का बड़ा हिस्सा सतलुज दरिया में जा रहा है, जिससे रूपनगर, आनंदपुर साहिब और आस-पास के गांवों में खतरा बढ़ गया है।

लुधियाना में कमजोर हुआ बांध, सेना तैनात
लुधियाना के ससराली कॉलोनी इलाके में सतलुज किनारे बना बांध कमजोर हो गया। कैबिनेट मंत्री हरदीप सिंह मुंडियां और डीसी हिमांशु जैन मौके पर पहुंचे। तुरंत सेना और एनडीआरएफ को बुलाकर बांध को मजबूत करने का काम शुरू किया गया। गांव खाली करवाया गया और लोगों को सुरक्षित स्थानों पर भेजा जा रहा है। इसी तरह धुस्सी बांध का भी निरीक्षण किया गया है। आसपास के गांवों में प्रशासन ने लोगों को अलर्ट कर दिया है।
युद्धस्तर पर राहत-बचाव कार्य जारी
मुख्यमंत्री ने कहा कि राहत और बचाव कार्य तेजी से चल रहे हैं। तबीयत खराब होने के कारण वह खुद प्रभावित इलाकों में नहीं जा पाए। उनकी जगह मंत्री अमन अरोड़ा ने अरविंद केजरीवाल को पंजाब की स्थिति बताई। पंजाब सरकार ने केंद्र से 2 हजार करोड़ रुपये का राहत पैकेज मांगा है और साथ ही बकाया 60 हजार करोड़ रुपये जारी करने की मांग भी की है।

पठानकोट में पहाड़ दरके, सड़कें बंद
पठानकोट जिले में लगातार पहाड़ दरक रहे हैं। शाहपुरकंडी डैम साइड रोड और चक्की खड्ड के पास पहाड़ का भारी मलबा गिरा। कई रास्ते बंद हो गए और लोगों को आवाजाही में दिक्कत हो रही है।
केंद्रीय कृषि मंत्री बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का किया दौरा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान को पंजाब भेजा। वे अमृतसर पहुंचे और अजनाला इलाके के गांवों का दौरा किया। मंत्री खुद पानी में उतरकर हालात का जायजा लेने पहुंचे। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री इस स्थिति से बेहद चिंतित हैं और केंद्र सरकार हर संभव मदद करेगी।
खेतों में जमा सिल्ट हटानी होगी ताकि अगली फसल बर्बाद न हो
शिवराज चौहान ने कहा कि पंजाब में हालात बहुत गंभीर हैं। फसलें तबाह हो चुकी हैं। बाढ़ का असर कम करने और भविष्य में ऐसी स्थिति से बचने के लिए अल्पकालिक, मध्यमकालिक और दीर्घकालिक योजनाएं बनानी होंगी। जब पानी उतरेगा तो बीमारियों के फैलने का खतरा बढ़ेगा, इसलिए मरे हुए पशुओं को सुरक्षित तरीके से निस्तारित करना जरूरी है। खेतों में जमा सिल्ट हटानी होगी ताकि अगली फसल बर्बाद न हो।
मेष: दिन शुभ रहेगा...