नेशनल डेस्क : दिल्ली सरकार ने प्रदूषण कम करने के लिए कई नए नियम बनाने का फैसला किया है, जो 15 मई से लागू होंगे। इन नए नियमों से दिल्ली में रहने वाले लोगों को अपनी दिनचर्या में कुछ बदलाव करने पड़ सकते हैं। इनमें से कुछ नियमों का पालन करने के लिए लोगों को पुराने वाहन हटाने होंगे। 19 अप्रैल को दिल्ली सरकार ने इस विषय पर एक महत्वपूर्ण बैठक की थी, जिसमें कई बड़े अधिकारी शामिल थे। बैठक में कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए हैं, जिनकी विस्तृत योजना तैयार की जा रही है। आइए जानते है इस खबर को विस्तार से…
इन नए नियमों के तहत सरकार दिल्ली को साफ और सुंदर बनाने के लिए प्रयास करेगी।
– 15 साल पुरानी गाड़ियों के बारे में नियम
15 मई से, 15 साल पुरानी गाड़ियों को दिल्ली में आने पर अलर्ट मैसेज भेजा जाएगा। ऐसे वाहन जो निर्धारित आयु सीमा से अधिक पुरानी हैं, उन्हें दिल्ली में आने पर वापस लौटना होगा। अगर वाहन मालिक इस आदेश का पालन नहीं करेंगे, तो उन पर कठोर कार्रवाई की जाएगी। यह कदम दिल्ली के प्रदूषण को कम करने के लिए उठाया जा रहा है, क्योंकि पुरानी गाड़ियों से अधिक प्रदूषण फैलता है।
– बड़ी इमारतों में एंटी स्मॉग गन लगाना जरूरी
दिल्ली में अब छह मंजिला या उससे ऊँची इमारतों पर एंटी स्मॉग गन लगाना जरूरी होगा। यह नियम खासकर मॉल्स, कॉम्प्लेक्स, सरकारी दफ्तरों और अन्य गैर-रिहायशी इमारतों पर लागू होगा। एंटी स्मॉग गन से हवा में मौजूद प्रदूषण कणों को कम करने में मदद मिलेगी और इससे दिल्ली की हवा को साफ किया जा सकेगा।
Held a productive meeting with officials from MCD, PWD, DJB, BSES, DUSIB & IFC at the District Magistrate West office to discuss strategy and actions to combat illegal construction, polluting establishments and encroachment in Rajouri Garden.
Led by CM @gupta_rekha Ji, we remain… pic.twitter.com/kjuYaM31bJ
— Manjinder Singh Sirsa (@mssirsa) April 19, 2025
– वेस्ट टू एनर्जी प्लांट्स के लिए नए नियम
वेस्ट टू एनर्जी प्लांट को अब ब्लू कैटेगरी में रखा जाएगा। इसके तहत, ऐसी इंडस्ट्रीज को दो साल ज्यादा समय तक संचालन की अनुमति मिलेगी। इसका मतलब यह है कि ये प्लांट अब सात साल तक अपनी सेवाएं जारी रख सकेंगे। इन प्लांट्स से उत्पन्न ऊर्जा का उपयोग प्रदूषण को कम करने में किया जाएगा, जिससे पर्यावरण पर सकारात्मक प्रभाव पड़ेगा।
– बड़े प्लॉट्स पर एयर क्वॉलिटी मॉनिटरिंग डिवाइस लगाना जरूरी
अब, 500 गज से बड़े प्लॉट्स पर निर्माण करते समय एयर क्वॉलिटी मॉनिटरिंग डिवाइस लगाना अनिवार्य होगा। यह डिवाइस सीधे सरकार के मुख्यालय से जुड़ा होगा। जैसे ही हवा में प्रदूषण का स्तर बढ़ेगा, बिल्डर को तुरंत चेतावनी दी जाएगी। यह कदम दिल्ली की हवा की गुणवत्ता को बेहतर बनाने के लिए उठाया जा रहा है, ताकि निर्माण कार्यों से प्रदूषण पर नजर रखी जा सके।
– अवैध मांस दुकानों के खिलाफ सख्त कार्रवाई
दिल्ली सरकार ने आदेश दिया है कि सभी जिलों के मजिस्ट्रेट 24 घंटे के अंदर अवैध मांस की दुकानों को हटवा दें। अब मांस की दुकानें तभी खोली जा सकेंगी, जब उनके पास लाइसेंस होगा। इसके अलावा, सभी मांस की दुकानों को साफ-सुथरा रखना अनिवार्य होगा और रिहायसी इलाकों में मांस की दुकानें नहीं हो सकेंगी। यदि किसी इलाके में अवैध मांस दुकानें नहीं हटाई जाएंगी, तो उन्हें सील कर दिया जाएगा। इन नए नियमों का उद्देश्य दिल्ली में प्रदूषण को कम करना और नागरिकों के लिए एक स्वस्थ वातावरण प्रदान करना है। 15 मई से लागू होने वाले इन नियमों का पालन करने के लिए सभी दिल्लीवासियों को तैयार रहना होगा।

