Second Amrit Snan Mahakumbh ; उत्तर प्रदेश : प्रयागराज में हो रहे महाकुंभ का आज चौथा दिन है। संगम की पवित्र रेती पर हजारों श्रद्धालु भक्ति भाव के साथ आस्था की डुबकी लगा रहे हैं। मकर संक्रांति पर पहले ‘अमृत स्नान’ के बाद अब मौनी अमावस्या के दूसरे ‘अमृत स्नान’ की तैयारियां जोरों पर हैं।
मुख्यमंत्री योगी ने की तैयारियों की समीक्षा
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पहले अमृत स्नान के बाद अधिकारियों के साथ बैठक कर व्यवस्थाओं की समीक्षा की। उन्होंने निर्देश दिया कि दूसरे अमृत स्नान के लिए युद्धस्तर पर तैयारियां की जाएं। सीएम योगी ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि मौनी अमावस्या के मौके पर संगम में स्नान करने आने वाले संभावित 10 करोड़ श्रद्धालुओं के लिए बिजली, पानी, रोडवेज बसों और रेलवे ट्रेनों की बेहतर व्यवस्था की जाए। उन्होंने कहा कि किसी भी श्रद्धालु को कोई असुविधा न हो।

पहले स्नान पर्व पर 6 करोड़ श्रद्धालुओं ने की डुबकी
सीएम योगी ने बताया कि पौष पूर्णिमा और मकर संक्रांति जैसे प्रमुख स्नान पर्वों पर 6 करोड़ से ज्यादा श्रद्धालुओं ने त्रिवेणी संगम पर स्नान कर पुण्य लाभ प्राप्त किया। प्रशासन ने मेला क्षेत्र में घाटों की बैरिकेडिंग और मोबाइल नेटवर्क की मजबूती पर काम तेज कर दिया है। अनुमान है कि मौनी अमावस्या पर 8 से 10 करोड़ श्रद्धालु संगम में डुबकी लगाने पहुंच सकते हैं।
कैबिनेट मीटिंग की तैयारी
सीएम योगी 21-22 जनवरी को संगम तट पर कैबिनेट मीटिंग कर सकते हैं, ताकि दूसरे अमृत स्नान की तैयारियों को और मजबूत किया जा सके। प्रशासन पहले स्नान पर्व से मिली सीख के आधार पर व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने पर काम कर रहा है। महाकुंभ में इस बार साधु-संतों के विविध रूप आस्था का केंद्र बने हुए हैं। हठयोगियों, अंतर्राष्ट्रीय भक्तों, और अनोखे साधुओं की उपस्थिति लोगों को आकर्षित कर रही है।
अनोखे संत बने आकर्षण का केंद्र
इस बार महाकुंभ में इंजीनियरिंग छोड़ साधु जीवन अपनाने वाले बाबा अभय सिंह, कांटों पर लेटे बाबा मलंग, और जापान से आई महिला साध्वी कैइको अकावा जैसी शख्सियतें मुख्य आकर्षण बनी हुई हैं। महाकुंभ सिर्फ एक धार्मिक मेला नहीं है, बल्कि यह भारतीय संस्कृति और सनातन धर्म का प्रचार करने का बड़ा मंच बन चुका है। यह अद्भुत संगम न सिर्फ देशभर बल्कि दुनियाभर के श्रद्धालुओं को अपनी ओर आकर्षित कर रहा है।