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‘सास बहू और फ्लेमिंगो’ रिव्यू : ड्रग्स, रोमांस और एक्शन का जबरदस्त डोज

May 5, 2023

‘सास बहू और फ्लेमिंगो’ रिव्यू : ड्रग्स, रोमांस और एक्शन का जबरदस्त डोज

सौरव डे, करण व्यास, नंदिनी गुप्ता और अमन मन्नान द्वारा लिखित और होमी अदजानिया द्वारा निर्देशित आठ-एपिसोड की सीरीज ‘सास बहू और फ्लेमिंगो’ की कहानी कुछ ऐसी है, जिसे आपने पहले कभी नहीं देखा होगा। फिल्मेकर होमी अदजानिया द्वारा बनाए गए इस शो की यूएसपी इसकी दिलचस्प कहानी और शानदार अभिनय है। एक काल्पनिक दुनिया का फैमिली ड्रामा निडर महिलाओं की कहानी को बयां करती है।

सीरीज की शुरुआत एक डिप्टी सीएम के बेटे के साथ होती है, जो नाइट क्लब में ड्रग्स की अधिक मात्रा लेता है। इसके बाद सीरीज मे एसीपी की एंट्री होती है, जो ड्रग्स बेचने वाले की तलाश में होता है। यहीं पर सावित्री उर्फ रानी बा आती है, जो बॉर्डर के करीब स्थित क्षेत्रों में महिलाओं की एक बड़ी सेना की मदद से अपने साम्राज्य को चला रही होती है। सावित्री (डिंपल) की कहानी कुछ इस तरह है कि यहीं पर पली-बढ़ी सावित्री जब गर्भवती थी, तब उसके सामने उसके पति की हत्या कर दी गई थी। वह अपने पति की हत्या के मामले में गवाह थी, लेनिक आरोपी उसके साथ बलात्कार करते है, उसे प्रताड़ित करते है और रेगिस्तान में उसे मरने के लिए छोड़ देते हैं। यहां से सावित्री का नया अवतार सामने आता है, वह उठती है और अपना भाग्य खुद लिखती है।

वह एक कॉपरेटिव सोसाइटी चलाती है, जो हैंडीक्राफ्ट प्रोडक्ट बनाती है, लेकिन इसके यानी फ्लेमिंगो की आड़ में ड्रग्स का धंधा किया जाता है, जो उपमहाद्वीप से लेकर यूरोप तक फैला हुआ है।सावित्री के दो बेटे और एक बेटी है। दोनों बेटे विदेश में रहते हैं, इस बात से बेखबर कि उनकी पत्नियां, बहन और मां सबसे बड़ा ड्रग कार्टेल चला रही हैं, जिसके बारे में कोई सोच भी नहीं सकता। सावित्री का एक और मुंह बोला बेटा भी है, जो इस ड्रग्स के धंधे में उनकी मदद करता है। सीरीज में उसका सावित्री की बेटी के साथ रिश्ता देखने को मिलेगा।जल्द ही, सावित्री के साम्राज्य पर खतरे के काले बादल मंडराने लगते हैं। उनका दुश्मन ‘मोंक’ (दीपक डोबरियाल) और पुलिसकर्मी (जिमित त्रिवेदी) धमकी देने लगते हैं। वह उन्हें अपने रास्ते से हटाना चाहता है।

इसी बीच सावित्री अपने अगले वारिस को नियुक्त करने का फैसला करती है, जिससे परिवार में उथल पुथल मच जाती है। सीरीज को बेहतरीन तरीके से तैयार किया गया है। राधिका मदान बिल्कुल नए अवतार में नजर आ रही हैं। वह बेटी और केमिस्ट की भूमिका में हैं।एक्ट्रेस ईशा तलवार और अंगिरा धर ने भी शानदार काम किया है। यह जोड़ी स्तरित और बारीक चरित्रों का निर्माण करती है जो एक पुरुष-प्रधान दुनिया के मानदंडों को एक दृढ़ विश्वास और दृष्टिकोण के साथ चुनौती देते हैं जिसे हम शायद ही कभी स्क्रीन पर देखते हैं।बेटे आशीष वर्मा और वरुण मित्रा के चलते कहानी में ट्विस्ट आया है। गोद लिए बेटे उदित अरोड़ा की भूमिका भी गजब है। दीपक डोबरियाल मोंक के किरदार में सटीक है। उनका किरदार लोगों की रातों की नींद उड़ा देगा।

अनुभवी अभिनेता नसीरुद्दीन शाह सावित्री के एक शक्तिशाली लेकिन अविश्वसनीय सहयोगी साहेब जी की भूमिका निभा रहे हैं। शाह के पास ज्यादा स्क्रीन टाइम नहीं है, लेकिन कहानी में गंभीरता का एक ठोस स्तर जोड़ता है।सीरीज में डिंपल कपाड़िया सावित्री के रूप में रॉकस्टार हैं। सिनेमैटोग्राफर लिनेश देसाई द्वारा कैप्चर किए गए सीरीज के विजुअल कम समय में ज्यादा मैसेज देने का काम कर रहे हैं। सचिन-जिगर द्वारा तैयार म्यूजिक स्कोर यूनिक साउंडस्केप प्रदान करता है जो इस सीरीज के देखने के अनुभव को बढ़ाता है।सीरीज निश्चित रूप से खून, सेक्स, ड्रग्स, रोमांस और एक्शन की हाई डोज के साथ एक इमर्सिव फैमिली ड्रामा है। सभी परफॉर्मेंस और सर्पोटिंग एक्टर्स शानदार हैं।

 

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