इंटरनेशनल डेस्क. फिलीपींस के मिंडानाओ द्वीप में शुक्रवार दोपहर को जोरदार भूकंप आया। जर्मन रिसर्च सेंटर फॉर जियोसाइंसेज (GFZ) के मुताबिक, भूकंप की तीव्रता रिक्टर पैमाने पर 6.1 मापी गई। झटके इतने तेज थे कि लोग घबराकर घरों से बाहर निकल आए।
पिछले हफ्ते भी लगे थे दो बड़े झटके
यह नया भूकंप ऐसे समय में आया है, जब फिलीपींस पिछले एक हफ्ते में दो भीषण भूकंप झेल चुका है। 10 अक्टूबर को मिंडानाओ इलाके में लगातार दो बड़े झटके आए थे। पहला भूकंप 7.4 तीव्रता का था, जिससे कम से कम 7 लोगों की मौत हो गई थी। भूकंप के बाद कई जगह भूस्खलन हुआ और तटीय इलाकों में सुनामी अलर्ट जारी करना पड़ा। कुछ ही देर बाद एक और 6.8 तीव्रता का झटका महसूस किया गया, जिसने फिर से सुनामी की चेतावनी दे दी थी।
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सक्रिय भ्रंश रेखा से आया झटका
फिलीपींस इंस्टीट्यूट ऑफ वॉल्केनोलॉजी एंड सीस्मोलॉजी (PHIVOLCS) के प्रमुख टेरेसिटो बाकोलकोल ने बताया कि हालिया भूकंप फिलीपींस ट्रेंच (Philippine Trench) नाम की सक्रिय भ्रंश रेखा (fault line) पर हुई हलचल की वजह से आया। यह रेखा समुद्र तल के नीचे मनी (Manay) कस्बे के पास लगभग 37 किलोमीटर (करीब 23 मील) की गहराई पर स्थित है।
फिलहाल राहत
नए 6.1 तीव्रता के भूकंप से अब तक किसी बड़े नुकसान या जनहानि की सूचना नहीं मिली है। फिर भी स्थानीय प्रशासन ने आपात टीमों को सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं। लोगों को तटीय इलाकों से दूर रहने की सलाह दी गई है क्योंकि विशेषज्ञों ने दोबारा झटके आने की संभावना से इनकार नहीं किया है।
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क्यों आते हैं बार-बार भूकंप?
फिलीपींस प्रशांत महासागर के ‘रिंग ऑफ फायर’ (Ring of Fire) में स्थित है। यह इलाका दुनिया के उन हिस्सों में से एक है जहां धरती की टेक्टॉनिक प्लेटें लगातार टकराती या खिसकती रहती हैं। इसी वजह से यहां अक्सर भूकंप, ज्वालामुखी विस्फोट और सुनामी जैसी प्राकृतिक आपदाएं आती रहती हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि आने वाले दिनों में भी हल्के झटके महसूस किए जा सकते हैं। इसलिए लोगों को सतर्क रहने और आधिकारिक अलर्ट पर नजर बनाए रखने की जरूरत है।
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