मॉस्को: यूएस जियोलॉजिकल सर्वे के अनुसार, रविवार को रूस के सेवेरो-कुरीलस्क से 121 किलोमीटर पूर्व में 7.0 तीव्रता का भूकंप महसूस किया गया। यह भूकंप भारतीय समय के अनुसार सुबह करीब 11 बजे आया। इस भूकंप के बाद कामचटका प्रायद्वीप पर क्रशेनिनिकोव ज्वालामुखी सक्रिय हो गया है। भूकंप का केंद्र 40.8 किलोमीटर की गहराई पर था, जिसकी स्थिति 50.53 डिग्री उत्तरी अक्षांश और 157.83 डिग्री पूर्वी देशांतर पर दर्ज की गई। इस भूकंप के चलते रूस के कामचटका प्रायद्वीप पर क्रशेनिनिकोव ज्वालामुखी भी फट गया।
कमचटका वोल्केनिक इरप्शन रिस्पॉन्स टीम (केवीईआरटी) के मुताबिक 1,856 मीटर ऊंचे इस ज्वालामुखी से करीब 6,000 मीटर ऊंचाई तक राख का गुबार उठता देखा गया।केवीईआरटी प्रमुख ओल्गा गिरिना ने बताया, ‘यह क्रशेनीनिकोव का 600 सालों में पहला विस्फोट है।’ उन्होंने कहा कि ज्वालामुखी की ढलानों पर लावा डोम का निर्माण हो रहा है, साथ ही तेज भाप और गैस के उत्सजर्न के साथ उत्तर दिशा में स्थित क्रेटर से लगातार राख का गुबार निकल रहा है। इस ज्वालामुखी का नाम खोजकत्र्ता स्टीफन क्रशेनिनिकोव पर रखा गया है।
यह ज्वालामुखी क्षेत्रीय राजधानी पैट्रोपावलोव्स्क-कामचत्स्की से लगभग 50 किलोमीटर दूर, क्रोनोट्स्की नेचर रिजर्व में स्थित एक विशाल काल्डेरा के भीतर 2 अतिव्यापी स्ट्रैटोज्वालामुखी से मिलकर बना है। क्रशेनिनिकोव में आखिरी लावा रिसाव 1463 के करीब हुआ था। 1963 में धुआं-संबंधी गतिविधि दर्ज की गई थी, लेकिन किसी विस्फोट या रिसाव की सूचना नहीं थी। यह भूकंपीय गतिविधि 30 जुलाई को आए 8.7 तीव्रता के एक बड़े भूकंप के बाद आई है, जो अब दुनियाभर में दर्ज किए गए छठे सबसे शक्तिशाली भूकंप के बराबर है। क्रेमलिन ने पुष्टि की कि रूस में कोई हताहत नहीं हुआ।
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