
डेटन: प्रसिद्ध लेखक सलमान रुश्दी को ओहायो में आयोजित ‘डेटन लिटरेरी पीस प्राइज’ कार्यक्रम में ‘लाइफटाइम अचीवमैंट’ पुरस्कार से सम्मानित किया गया। रुश्दी को यह पुरस्कार ऐसे समय में दिया गया है जब 3 साल पहले हुए हमले के बाद उनकी पहली काल्पनिक कथा प्रकाशित हुई है। यह पुरस्कार उन लेखकों को दिया जाता है जो साहित्यिक उत्कृष्टता के साथ-साथ अपने लेखन के माध्यम से शांति को बढ़ावा देते हैं। इसमें हर साल काल्पनिक, गैर-काल्पनिक कहानियां और ‘लाइफटाइम अचीवमैंट’ (आजीवन उपलब्धि) की अलग-अलग श्रेणियों में पुरस्कार प्रदान किए जाते हैं।
ओहायो का डेटन शहर 1995 में हुए डेटन शांति समझौतों के लिए प्रसिद्ध है, जिसके परिणामस्वरूप बाल्कन क्षेत्र में युद्ध का अंत हुआ था। यह युद्ध 3,00,000 से अधिक लोगों की मौत और 10 लाख से अधिक लोगों के विस्थापन का कारण बना था। सलमान रुश्दी (78) का 1988 में प्रकाशित उपन्यास ‘द सैटेनिक वर्सेज’ काफी चर्चा में रहा है। इस उपन्यास के बाद उन पर ईशनिदा के आरोप लगे थे और 1989 में ईरान के अयातुल्लाह रुहोल्ला खोमैनी ने उनकी हत्या का फतवा जारी किया था, जिसके बाद रुश्दी को छिपकर रहना पड़ा था। न्यूयॉर्क में 2022 में एक कार्यक्रम में हुए हमले में रुश्दी की एक आंख की रोशनी चली गई थी। हमलावर को 25 वर्ष की जेल की सजा सुनायी गयी थी।
रुश्दी ने 2024 में इस हमले पर आधारित अपनी संस्मरण पुस्तक ‘नाइफ’ प्रकाशित की, जो राष्ट्रीय पुस्तक पुरस्कार में गैर-काल्पनिक कहानियों की श्रेणी में अंतिम सूची में जगह बनाने में कामयाब रही थी। उनकी नई पुस्तक ‘द इलैवंथ आवर’ उनका 23वां प्रकाशन है, जिसमें 3 लघु उपन्यास और 2 लघु कहानियां शामिल हैं। पिछले वर्षों में इस ‘लाइफटाइम अचीवमैंट’ पुरस्कार से अमरीका के पूर्व राष्ट्रपति जिमी कार्टर, नरसंहार से बचे और नोबेल विजेता एली वीजल, नारी आंदोलन की प्रतीक ग्लोरिया स्टाइनम तथा लेखक मार्गरेट एटवुड, जॉन इरविंग, बारबरा किंग्सलवर और स्टड्स टर्कल को सम्मानित किया जा चुका है।