
नेशनल डेस्क: उत्तराखंड में प्रतियोगी परीक्षा पेपर लीक मामला गरमाता जा रहा है। उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (UKSSSC) द्वारा 2025 में कराई गई स्नातक स्तरीय प्रतियोगी परीक्षा में पेपर लीक के आरोप लगे हैं। इस मामले को लेकर कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर तीखा हमला बोला है।
राहुल गांधी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट करते हुए भाजपा को “पेपर चोर” बताया। उन्होंने लिखा, “आज भाजपा का दूसरा नाम है – पेपर चोर! देशभर में बार-बार हो रहे पेपर लीक ने लाखों मेहनती युवाओं के सपनों को तोड़ दिया है। उत्तराखंड का UKSSSC पेपर लीक इसका ताजा उदाहरण है।” उन्होंने कहा कि लाखों युवाओं ने दिन-रात मेहनत की थी, लेकिन भाजपा सरकार की लापरवाही और भ्रष्टाचार ने उनकी मेहनत पर पानी फेर दिया।
आज BJP का दूसरा नाम है – पेपर चोर!
देशभर में बार-बार होने वाले पेपर लीक ने करोड़ों मेहनती युवाओं की ज़िंदगी और सपनों को तबाह कर दिया है।
उत्तराखंड का UKSSSC पेपर लीक इसका ताज़ा उदाहरण है। लाखों युवाओं ने दिन-रात मेहनत की, लेकिन BJP ने चोरी से उनकी पूरी मेहनत पर पानी फेर दिया।… pic.twitter.com/dr0yHX61hq
— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) September 26, 2025
मोदी सरकार को सिर्फ अपनी सत्ता की चिंता है, युवाओं की बेरोजगारी की नहीं। लगातार मांग करने के बावजूद, सरकार पेपर लीक रोकने के लिए कोई ठोस और पारदर्शी व्यवस्था नहीं बना रही। उन्होंने इस मामले को वोट चोरी से भी जोड़ा और कहा कि “बेरोजगारी और वोट चोरी एक-दूसरे से जुड़े हैं। पेपर चोर जानते हैं कि नौकरी ना भी मिले, तो भी वोट चुराकर सत्ता में बने रहेंगे।” राहुल गांधी ने छात्रों के समर्थन में कहा कि यह सिर्फ नौकरियों की नहीं, बल्कि “न्याय और लोकतंत्र की लड़ाई” है। उन्होंने लिखा, “मैं हर छात्र और युवा के साथ पूरी मजबूती से खड़ा हूं।”
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने भी इस मामले पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने युवाओं से अपील की कि “उन लोगों से सावधान रहें जो अपने स्वार्थ के लिए युवाओं को आंदोलन के लिए भड़का रहे हैं।” मुख्यमंत्री ने दावा किया कि उनकी सरकार ने पहले ही बिना भ्रष्टाचार के 25,000 पारदर्शी भर्तियां की हैं और आगे भी ऐसी ही प्रक्रिया अपनाई जाएगी।
राज्य सरकार ने पेपर लीक की जांच के लिए विशेष जांच दल (SIT) बनाया है। जांच की निगरानी के लिए उत्तराखंड हाईकोर्ट के सेवानिवृत्त न्यायाधीश बीएस वर्मा को नियुक्त किया गया है। वह जांच टीम को निर्देश दे सकते हैं और शिकायतों की समीक्षा कर सकते हैं। पुलिस ने इस मामले के मुख्य आरोपी खालिद मलिक को गिरफ्तार कर लिया है। इससे पहले उसकी बहन को भी हिरासत में लिया गया था। SIT का नेतृत्व देहरादून ग्रामीण की पुलिस अधीक्षक जया बलूनी कर रही हैं।