
नेशनल डेस्क: ऑपरेशन सिंदूर के तहत भारत ने पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) में स्थित 9 बड़े आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया था। इस हमले में 100 से ज्यादा आतंकवादी मारे गए, जिनमें कई खतरनाक और वांछित आतंकी शामिल थे। अब भारत ने उन पाकिस्तानी सैन्य अधिकारियों के नाम और तस्वीरें जारी की हैं, जो मारे गए आतंकियों के जनाजे में शामिल हुए थे। इससे यह साफ हो गया है कि पाकिस्तानी सेना और आतंकी संगठनों के बीच गहरा रिश्ता है।
किन आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया गया?
भारतीय सेना ने ऑपरेशन सिंदूर के तहत जिन आतंकी ठिकानों पर हमला किया, उनमें शामिल हैं:
1. मुरीदके – लश्कर-ए-तैयबा का प्रमुख ठिकाना ‘मरकज तैयबा’
2. बहावलपुर – जैश-ए-मोहम्मद का ट्रेनिंग सेंटर ‘मरकज सुभान अल्लाह’
3. सियालकोट – हिजबुल मुजाहिदीन का अड्डा ‘महमूदा जोया’
पाक सेना और पुलिस के अफसर जनाजे में शामिल
भारत ने एक तस्वीर जारी की है, जिसमें कई पाकिस्तानी अधिकारी आतंकवादियों के जनाजे की नमाज में शरीक होते नजर आ रहे हैं। इनमें शामिल हैं, लेफ्टिनेंट जनरल फैयाज हुसैन शाह, मेजर जनरल राव इमरान सरताज, ब्रिगेडियर मोहम्मद फुरकान शब्बीर, पाकिस्तानी पुलिस अधिकारी उस्मान अनवर और नेता मलिक सोहैब अहमद। इन आतंकियों के ताबूतों को पाकिस्तानी झंडे में लपेटा गया और राजकीय सम्मान दिया गया, जिससे पाकिस्तान और आतंकियों की मिलीभगत उजागर हो गई है।
मारे गए प्रमुख आतंकवादी कौन थे?
1. अब्दुल रऊफ – लश्कर-ए-तैयबा का कमांडर, अमेरिका द्वारा घोषित वैश्विक आतंकी
2. खालिद उर्फ अबू अकाशा – हथियारों की तस्करी में शामिल, जम्मू-कश्मीर में सक्रिय
3. मुदस्सिर उर्फ अबू जुंदाल – मुरीदके कैंप का प्रमुख
4. मोहम्मद हसन खान – जैश का आतंकी, पुलवामा हमले से जुड़ा, मुफ्ती असगर खान कश्मीरी का बेटा
5. यूसुफ अजहर, अब्दुल मलिक रऊफ और मुदस्सिर अहमद – आईसी-814 हाईजैकिंग और पुलवामा ब्लास्ट में शामिल
भारत का संदेश साफ
भारत ने ऑपरेशन सिंदूर के ज़रिए न सिर्फ आतंकियों को खत्म किया, बल्कि पाकिस्तान की सच्चाई दुनिया के सामने रखी कि कैसे वहां की सेना, पुलिस और नेता आतंकवाद का समर्थन करते हैं।