करनाल : करनाल के मेरठ रोड पर आवर्धन नहर के पास पुलिस मुठभेड़ में घायल शातिर बदमाश अस्पताल से फरार हो गया। बदमाश पर तरावड़ी के पैट्रोल पंप पर फायरिंग करने व लूट के प्रयास का मामला दर्ज था। घटना के 23 दिन बाद और मुठभेड़ से चार दिन पहले सीआईए-1 ने आरोपी को मुठभेड़ के दौरान काबू किया था, आरोपी को कूल्हे के पास टांग में गोली लगी थी। पुलिस ने मौके से एक पिस्टल और बाइक भी बरामद की थी। घायल आरोपी को करनाल के सरकारी अस्पताल में भर्ती करवाया गया था। जहां पर उसका इलाज चल रहा था।
ईलाज के बाद आरोपी को पुलिस ने औपचारिक रूप से गिरफ्तार करना था और फिर कोर्ट में पेश करके रिमांड पर लेना था, जहां उससे गहनता से पूछताछ होनी थी। सरकारी अस्पताल के परिजनर वार्ड के बाहर चार जवानों की गार्द लगी हुई थी, लेकिन बीती रात करीब 12 बजे आरोपी अस्पताल से फरार हो गया। जैसे ही बदमाश के फरार होने की जानकारी पुलिस अधिकारियों को मिली तो पूरे महकमें में हड़कंप मच गया। अब पुलिस आरोपी को ढूंढने के लिए खाक छान रही है। आरोपी के फरार होते ही गार्द की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े हो गए है, आखिर पुलिस के होते हुए आरोपी अस्पताल से फरार कैसे हो गया?
सीसीटीवी में कैद हुई पूरी वारदात : सुरेश कुमार के अनुसार पूरी घटना पेट्रोल पंप पर लगे सीसीटीवी कैमरों में रिकॉर्ड हो गई। वारदात के बाद आरोपी तुरंत अपनी मोटरसाइकिल पर सवार होकर तरावड़ी टी-प्वाइंट की तरफ फरार हो गया। रातभर ड्यूटी के बाद हुआ हमला : सुरेश कुमार ने बताया कि उसकी ड्यूटी 1 मई से 2 मई सुबह 8 बजे तक थी। इसी दौरान तड़के यह घटना हुई। आरोपी की बाइक पर नंबर प्लेट नहीं थी, जिससे उसकी पहचान करना मुश्किल हो रहा था।
घटनास्थल से मिला गोली का खोल : घटना की सूचना मिलने पर पुलिस और एफएसएल टीम मौके पर पहुंची। जांच के दौरान वहां से गोली का खोल बरामद किया गया। साथ ही सीसीटीवी को कब्जे में लेकर जांच शुरू की गई। 23 दिन बाद आरोपी गिरफ्तार : पुलिस ने सबूतों के आधार पर लगातार आरोपी की तलाश की। करीब 23 दिन बाद गुप्त सूचना के आधार पर उसे मेरठ रोड स्थित आवर्धन नहर के पास मुठभेड़ के दौरान काबू कर लिया गया था और पकड़े जाने के चार दिन बाद ही आरोपी पुलिस की गिरफ्त से फरार भी हो गया। वहीं इस मामले में पुलिस कुछ भी स्पष्ट जवाब देने को तैयार नहीं है।

