
चंडीगढ़: हरियाणा सरकार ने यमुना नदी की स्वच्छता और प्रदूषण नियंत्रण के प्रयासों की गति बढ़ा दी है। इस संबंध में मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी की अध्यक्षता में हुई उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक में विभिन्न विभागों द्वारा किए जा रहे कार्यों की प्रगति का विस्तृत मूल्यांकन किया गया। बैठक में अपशिष्ट जल के शोधन, औद्योगिक अनुपालन और सीवरेज अवसंरचना के सुदृढ़ीकरण पर विशेष जोर दिया गया। हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अधिकारियों ने बताया कि यमुना में मिलने वाले 11 प्रमुख नालों से प्रतिदिन बहने वाले 1511.55 मिलियन लीटर अपशिष्ट जल में से लगभग 1000 मिलियन लीटर पहले से ही उपचारित किया जा रहा है, जो यमुना पुनर्जीवन के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। प्रदूषण स्तर को लगातार नियंत्रित रखने के लिए सभी नालों के पानी की गुणवत्ता की नियमित निगरानी की जा रही है।
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