पलवल। धतीर गांव में देर रात फैली गोलियों की गूंज ने पूरे इलाके को दहला दिया। रोड़ी-क्रेसर के काम को लेकर बढ़ी रंजिश में नौ युवकों ने एक घर को निशाना बनाया, जिसमें तीन आरोपितों को क्राइम ब्रांच ने गिरफ्तार कर लिया है और छह अभी भी फरार हैं।
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शिकायतकर्ता सुमित के अनुसार वह डस्ट-रोड़ी सप्लाई का काम करता है। इसी काम को लेकर गांव के मोनू, राहुल, शेर और अन्य युवकों ने महीनों पहले उसे धमकाया था। आरोप था कि वह “बाजार खराब कर रहा है” और उसे काम बंद करना होगा। सुमित ने दबाव मानने से इनकार किया।
रिपोर्ट में बताया गया कि 23 नवंबर की रात सुमित को मोनू और उसके साथियों के लगातार धमकी भरे फोन आए। रात करीब एक बजे तीन गाड़ियों में सवार होकर नौ युवक उसके घर पहुंचे और दरवाजे पर खड़े होकर अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी। करीब 20 से ज्यादा राउंड चलते ही गांव में अफरा-तफरी फैल गई और लोग घरों में दुबक गए।
घटना की गंभीरता को देखते हुए एसपी वरुण सिंगला ने जांच क्राइम ब्रांच को सौंपी। लगातार दबिश के बाद टीम ने मोनू, राहुल और सिद्धार्थ उर्फ सिद्दू को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस आरोपितों से वारदात में इस्तेमाल अवैध हथियार, खोखे और गाड़ियों की बरामदगी करेगी।
उधर, शेखर, शहदेव, शक्ति, गौरव, सौरव और बिट्टू की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमें अलग-अलग स्थानों पर दबिश दे रही हैं। पुलिस का कहना है कि फरार आरोपितों को जल्द हिरासत में लिया जाएगा।