
हरियाणा डेस्क: सोनीपत में हुई मूसलधार बारिश ने एक गरीब परिवार पर मुसीबतों का पहाड़ तोड़ दिया। बीती रात लगातार हुई वर्षा के कारण वेस्ट रामनगर क्षेत्र में एक कच्चे मकान की छत अचानक भरभरा कर गिर गई, जिसमें घर की महिला सदस्य घायल हो गई।
घटना सुबह उस वक्त हुई जब शशि देवी नामक महिला बारिश का पानी साफ करने के लिए छत पर गई थीं। सफाई करते समय अचानक मिट्टी की छत ढह गई और वह नीचे गिर गईं, जिससे उनके हाथ, पांव और कमर में गंभीर चोटें आईं। उन्हें तुरंत पास के अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है।
घटना के बारे में बताते हुए शशि देवी ने कहा, “रातभर बारिश होती रही थी। सुबह पानी निकासी के लिए मैं छत पर गई, लेकिन छत कमजोर थी और मेरा वजन सह नहीं सकी। मैं नीचे गिर गई और काफी चोटें आई हैं। अब घर रहने लायक नहीं बचा। हमें सरकार से मदद चाहिए।”
पीड़िता के पति कृष्ण कुमार, जो पेशे से ऑटो चालक हैं, ने बताया कि उनका 11 सदस्यों का संयुक्त परिवार है और उनकी आमदनी बेहद सीमित है। अब छत गिरने के कारण उनका घर असुरक्षित हो गया है और परिवार खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर है।
-आर्थिक सहायता की अपील
कृष्ण कुमार ने प्रशासन और हरियाणा सरकार से आर्थिक सहायता और राहत प्रदान करने की गुहार लगाई है। उनका कहना है कि कमजोर आर्थिक स्थिति के चलते वह मकान की मरम्मत कराने में असमर्थ हैं।
“हम जैसे गरीब लोगों के लिए ऐसी आपदाएं जीवनभर की कमाई छीन लेती हैं। सरकार से निवेदन है कि हमें तत्काल सहायता दी जाए ताकि हम अपने परिवार को सुरक्षित रख सकें।”
-प्रशासनिक लापरवाही पर उठे सवाल
इस घटना ने प्रशासनिक व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय निवासियों का कहना है कि कई बार जर्जर मकानों का निरीक्षण करने की मांग की गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
बारिश के मौसम में इस तरह की घटनाएं और भी हो सकती हैं, यदि समय रहते प्रशासन ने जर्जर मकानों की सूची तैयार कर उन्हें दुरुस्त नहीं किया।