फतेहगढ़ साहिब : पंजाब की सत्ता में आने के समय अरविंद केजरीवाल और भगवंत मान ने 3 महीने में नशा खत्म करने का वादा किया था। यह समय सीमा कभी 3 महीने तो कभी 4 महीने बढ़ाई गई और 6 बार यह डेडलाइन आगे बढ़ चुकी है। तारीख पर तारीख देने वाली ऐसी सरकार से नशा खत्म करने की उम्मीद नहीं की जा सकती। यह बात दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कही। वह भारतीय जनता पार्टी पंजाब द्वारा निकाली जा रही ‘नशा मुक्त पंजाब’ यात्रा के दूसरे दिन की यात्रा को रवाना करने से पहले आयोजित जनसभा को संबोधित कर रही थीं।
उन्होंने कहा कि यह 13 दिनों की नशा मुक्त पंजाब यात्रा पंजाब की ‘आप’ सरकार से मुक्ति की यात्रा बनेगी। रेखा गुप्ता ने गुरु गोबिंद सिंह के छोटे साहिबजादों की शहादत की गवाह ऐतिहासिक धरती पर स्थित गुरुद्वारा साहिब में माथा टेका और पंजाब की नशामुक्ति के लिए अरदास की। इसके बाद उन्होंने स्थानीय अनाज मंडी में पंजाब भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष केवल सिंह ढिल्लों, भाजपा के राष्ट्रीय माहमंत्री एवं पंजाब मामलों के प्रभारी डा. सतीश पूनिया और भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष मनप्रीत सिंह बादल की मौजूदगी में यात्रा को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
रेखा गुप्ता ने कहा कि अब बहुत हो गया। अब समय आ गया है कि पंजाब को जकड़ चुकी जंजीरों को तोड़ा जाए। ये जंजीरें कौन तोड़ेगा? आप तोड़ेंगे, हम तोड़ेंगे, नरेंद्र मोदी जी तोड़ेंगे और अमित शाह तोड़ेंगे।” रेखा गुप्ता ने कहा कि 12 दिनों की ‘नशा मुक्त पंजाब यात्रा’ केवल एक राजनीतिक कार्यक्रम नहीं, बल्कि सामूहिक रूप से कार्रवाई करने का आह्वान है। उन्होंने कहा, “यह यात्रा केवल एक सफर नहीं है। यह पंजाब को नशे, अपराध और डर से मुक्त कराने के लिए एक आंदोलन की शुरुआत है।”
सियासी यात्रा नहीं, लोक आंदोलन : केवल ढिल्लों इस मौके पर केवल सिंह ढिल्लों ने कहा कि यह यात्रा राजनीतिक लाभ के लिए नहीं, बल्कि एक जन आंदोलन है। ‘आप’ के साढ़े चार साल के शासन में नशा खत्म नहीं हुआ। कहावत चल पड़ी है कि पिज्जा डिलीवरी लेट हो सकती है, लेकिन चिट्टे की डिलीवरी नहीं। उन्होंने कहा कि जब भगवंत मान सरकार नशा बंद नहीं कर पाई तो उसने लोगों की आवाज बंद करने की कोशिश शुरू कर दी। मोहनजीत शेरों और गुलजार सिंह कांड का हवाला देते हुए उन्होंने सवाल किया कि इन दोनों का क्या कसूर था? एक को वेंटिलेटर पर जाना पड़ा और दूसरे को आत्महत्या करने के लिए मजबूर होना पड़ा।
पंजाब के जरिए भारत के खिलाफ साजिश : मनप्रीत बादल इस मौके पर बोलते हुए मनप्रीत सिंह बादल ने कहा कि पंजाब की आबादी देश की कुल आबादी का लगभग दो प्रतिशत है, लेकिन सेना में पंजाबियों की भर्ती लगभग 10 प्रतिशत है। उन्होंने कहा कि भारतीय सेना में वीरता पदक हासिल करने वालों में पंजाबियों की हिस्सेदारी करीब 50 प्रतिशत रही है। इसलिए दुश्मन पंजाब को कमजोर करके भारत को कमजोर करने की कोशिश में लगे हुए हैं।
नशे को जड़ से उखाड़कर ही पंजाब की शान बहाल की जा सकती है। नशा मुक्त पंजाब यात्रा लोगों की आवाज : अश्वनी शर्मापठानकोट से विधायक और पंजाब भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष अश्वनी शर्मा ने मुख्यमंत्री भगवंत मान पर तीखा हमला करते हुए कहा कि पंजाब के लोगों को खुद आगे आकर नशा बंद करना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि नशा मुक्त पंजाब यात्रा राजनीतिक यात्रा जरूर है, लेकिन यह पंजाब के लोगों की आवाज भी है। इस कार्यक्रम को अन्य लोगों के अलावा पूर्व सांसद अविनाश राय खन्ना, गेजा राम वाल्मीकि और दीदार सिंह भट्टी ने भी संबोधित किया।
इस अवसर पर नशा मुक्त पंजाब यात्रा के प्रभारी राजेश बाघा, भाजपा के महासचिव परमिंदर सिंह बराड़, भाजपा नेता एच.एस. फूलका, मनजीत सिंह राय, जगदीप सिंह चीमा, एकता नागपाल, एन.के. वर्मा, अजय कौशल, सुखविंदर सिंह गोल्डी, सुखवंत राय गीगा, करमबीर टोहड़ा, अरुण खोसला, मीनू सेठी, के.डी. भंडारी, एस.एस. चन्नी, रणजीत सिंह, जीवन गुप्ता, राकेश शर्मा, दीदार सिंह भट्टी, इकबाल सिंह चनी और डॉ. हरबंस लाल सहित अन्य नेता एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे।
मेष: दिन शुभ रहेगा...