चंडीगढ़: पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने विधानसभा सत्र के दौरान विपक्ष और केंद्र सरकार, दोनों पर तीखा हमला बोला और बाढ़ प्रबंधन से लेकर विदेश नीति की विफलताओं तक कई मुद्दों पर बात की।
मान ने विपक्ष की सिर्फ़ तस्वीरें खिंचवाने के लिए बाढ़ प्रभावित इलाकों का दौरा करने की आलोचना करते हुए कहा, “असली काम हमारे मंत्रियों और विधायकों ने किया। हम बाढ़ राहत का पूरा खर्च उठाते हैं; हम किसी की पीड़ा का मज़ाक नहीं उड़ाते।”
उन्होंने आगे कहा कि उनकी बीमारी के दौरान भी, कुछ विपक्षी नेता राहत कार्यों पर ध्यान देने के बजाय राजनीतिक नौटंकी में लगे रहे।
केंद्र पर निशाना साधते हुए मान ने कहा, “घोषणाओं के बाद भी, प्रधानमंत्री ने धनराशि जारी नहीं की। एक महीने बाद ही पंजाब पर ध्यान दिया गया। हमारी विदेश नीति पूरी तरह से विफल रही है—पाकिस्तान के साथ संघर्ष के दौरान, कोई भी देश हमारे साथ नहीं खड़ा हुआ। इस बीच, प्रधानमंत्री भारत की ज़मीनी हक़ीक़त को समझे बिना, केवल विदेश यात्रा करते हुए, खोए हुए नज़र आते हैं।”
मान ने कांग्रेस पर भी निशाना साधते हुए कहा, “2017 से 2022 तक, उन्होंने सब कुछ गलत तरीके से संभाला और फिर डर के मारे भाजपा में शामिल हो गए। हम अवसरवादी नहीं हैं; हम अपने सिद्धांतों पर अडिग हैं।”
मुख्यमंत्री की टिप्पणी उनके राजनीतिक प्रतिद्वंद्वियों और केंद्रीय नेतृत्व, दोनों की कड़ी आलोचना को उजागर करती है, साथ ही प्राकृतिक आपदाओं के दौरान अपनी सरकार के सक्रिय उपायों का बचाव भी करती है।

