
Ludhiana’s Donation Drive Distributes Essential Items to Needy : लुधियाना। नगर निगम और ‘एक्ट ह्यूमन’ की ओर से आयोजित ‘सिटीनीड्स दान उत्सव’ के तहत एकत्रित की गई उपयोगी वस्तुएं जरूरतमंदों तक पहुंचाई गईं। इस वर्ष 80 से अधिक कलेक्शन सेंटरों के माध्यम से कपड़े, जूते, खिलौने, बिस्तर, बर्तन और घरेलू सामान सहित बड़ी संख्या में वस्तुएं एकत्रित की गईं।
इसमें लुधियाना की मेयर इंदरजीत कौर, डिप्टी कमिश्नर हिमांशु जैन, पद्म श्री ओंकार सिंह पाहवा (एवॉन साइकिल्स के चेयरमैन) और नगर निगम के असिस्टेंट कमिश्नर जसदेव सेखों सहित कई प्रमुख हस्तियां शामिल हुईं। ‘दान उत्सव’ की शुरुआत 2 अक्टूबर को हुई थी। इस पहल के तहत, लोगों ने शहर भर में बने 80 से अधिक कलेक्शन सेंटरों पर उपयोगी कपड़े, जूते, बिस्तर, बर्तन, खाने-पीने का सामान, खिलौने, मेडिकल उपकरण, घरेलू सामान और ई-वेस्ट दान किया।
विभिन्न शिक्षण संस्थानों के छात्रों ने भी इस काम में अपना योगदान दिया। इस साल के ‘दान उत्सव’ में कई तरह की चीजें इकट्ठा की गईं, जिनमें 1,50,000 से ज्यादा कपड़े, 7,500 खिलौने, 5,000 जोड़ी जूते, 2,000 बिस्तर, 2,500 बर्तन और 1,000 घरेलू उपकरण शामिल थे। इसके अलावा, राशन, मेडिकल का सामान और ई-वेस्ट भी इकट्ठा किया गया। ‘मार्शल एड फाउंडेशन’ के स्वयंसेवकों ने इन चीजों को छांटा और लुधियाना के विभिन्न गैर-सरकारी संगठनों (NGOs) के जरिए जरूरतमंद लोगों तक पहुंचाया। पूरे कार्यक्रम के दौरान, ‘एक नूर सेवा केंद्र’ ने अपनी ‘नेकी की रसोई’ पहल के तहत स्वयंसेवकों को मुफ्त भोजन उपलब्ध कराया।
नगर निगम के असिस्टेंट कमिश्नर जसदेव सेखों ने NGOs, कलेक्शन सेंटरों, शिक्षण संस्थानों के छात्रों और शिक्षकों, तथा स्वयंसेवकों का स्वागत किया और उनके योगदान की सराहना की। उन्होंने बताया कि नगर निगम भारत सरकार की ‘RRR’ (रिड्यूस, रीयूज और रीसाइकिल – कम करना, दोबारा इस्तेमाल करना और रीसाइकिल करना) पहल को सक्रिय रूप से बढ़ावा दे रहा है। मेयर इंदरजीत कौर ने इस पहल को पर्यावरण संरक्षण और समाज सेवा की दिशा में एक बड़ा कदम बताया।
उन्होंने शहर के लोगों से अपील की कि वे जरूरतमंदों की मदद के लिए आगे आएं और भविष्य में भी ऐसे और कार्यक्रम आयोजित करें। डिप्टी कमिश्नर हिमांशु जैन ने ‘सिटीनीड्स’ (CityNeeds), सहयोगी NGO, शिक्षण संस्थानों, स्वयंसेवकों और कलेक्शन सेंटरों के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि ऐसी पहल न केवल जरूरतमंदों की मदद करती हैं, बल्कि लोगों को एक टिकाऊ जीवनशैली अपनाने के लिए भी प्रेरित करती हैं। इस मौके पर, डिप्टी कमिश्नर ने उन 15 NGO को प्रमाण पत्र दिए, जिन्होंने ‘क्षमता निर्माण कार्यक्रम’ (capacity-building program) के तहत प्रशिक्षण प्राप्त किया था।