
जालंधर : नगर निगम के राजस्व को बढ़ाने के लिए निरंतर प्रयास मेयर वनीत धीर ने सभी विभागों के अधिकारियों को टारगेट पूरा करने के लिए सख्ती करनी शुरू कर दी है। मयेर वनीत धीर ने आज वाटर सप्लाई विभाग के अधिकारियों के साथ आज बैठक करते हुए सख्त चेतावनी दी कि अपने टारगेट पूरे करें अन्यथा ट्रांसफर के लिए तैयार रहें। मेयर के साथ निगम कमिश्नर संदीप ऋषि और ज्वाइंट कमिश्नर भी मौजूद थीं। मेयर ने बताया कि वाटर सप्लाई विभाग को साल 2025-26 का 24 करोड़ रुपए का टारगेट दिया गया था। अभी तक विभाग ने करीब 18 करोड़ रिकवर कर लिए हैं मगर अभी करीब 6 करोड़ रुपए पैंडिंग हैं इसलिए सभी को अपने टारगेट पूरे करने के लिए कहा गया है।
मेयर वनीत धीर ने बताया कि वाटर सप्लाई विभाग के अधिकारियों से स्पष्ट कहा गया है कि अब जोन वाइस रिपोर्ट नहीं मांगी जाएगी क्योंकि एक-एक जोन में तीन-तान, चार-चार कर्मचारी हैं। ऐसे में पता नहीं चल पाता कि किस कर्मचारी ने कितना काम किया। इसलिए अब प्रत्येक इंस्पैक्टर की रिपोर्ट देनी होगी कि वह कैसा काम कर रहा है। इंस्पैक्टर स्तर तक हर किसी की कार्यप्रणाली की समीक्षा की जाएगी।
रेलवे से चार करोड़, इंडियन ऑयल से 90 लाख पैंडिंग :-
मेयर ने बताया कि नगर निगम ने रेलवे कैंट से करीब 4 करोड़ रुपए लेने हैं वहीं इंडियन ऑयल से करीब 90 लाख रुपए लेने हैं। अधिकारियों को निर्देश दे दिए गए हैं कि यदि इनसे रिकवरी नहीं हो रही तो कनैक्शन काट दिए जाएं।
डिफाल्टरों के कनैक्शन काटे जाएं
बैठक में मेयर वनीत धीर ने सभी अधिकारियों के निर्देश दिए कि टारगेट पूरा करने के लिए रिकवरी को बढ़ाया जाए। जो डिफाल्टर अपने पैंडिंग बिल जमा नहीं करवा रहे हैं उनके पानी के कनैक्शन काट दिए जाएं। बिलिंग ब्रांच की रिपोर्ट के अनुसार, ऐसे उपभोक्ताओं को छोड़ने के निर्देश दिए गए जिनके कनैक्शन में मीटर एंट्री तो है लेकिन उनके बिल जारी नहीं हुए हैं, जिससे कॉर्पोरेशन की रिकवरी पर असर पड़ रहा है।