लुधियाना: नेहरू रोज गार्डन की कायाकल्प करने के लिए टैंडर दिलाने की एवज में ठेकेदार से 10 फीसदी कमीशन की डिमांड करने वाला नगर निगम लुधियाना का एस.ई संजय कंवर जेल में बंद हैं। संजय कंवर की जमानत याचिका भी सोमवार को खारिज हो चुकी है। गिरफ्तारी के बाद विजीलैंस की पूछताछ में एस.ई. संजय कंवर के कबूलनामे में कई अहम राज सामने आने लगे हैं। सरकारी रिकॉर्ड के मुताबिक एस.ई. संजय कंवर ने स्वीकार किया है कि ठेकेदार हितेश अग्रवाल को 8.80 करोड़ रुपए लागत वाले टैंडर दिलवाने की एवज में निगम कमिश्नर आदित्य डेचलवाल के नाम पर 10 फीसदी कमीशन की डिमांड की गई थी लेकिन ठेकेदार ने 72 लाख रुपए देने की बात स्वीकार की थी।
72 लाख रुपयों में से सिर्फ 8 लाख रुपए ही उसे मिलने थे, जबकि बाकी की रकम निगम कमिश्नर के पास जानी थी। एस.ई. ने यह भी स्वीकारा है कि कमीशन की डिमांड करते जिस ऑडियो क्लिप में आवाज है, वह उसकी और ठकेदार हितेश अग्रवाल की ही है। कबूलनामे के मुताबिक संजय कंवर ने बताया है कि उसने साल 2005 में 200 गज का प्लाट बाड़ेवाल में खरीदा था, जिसकी खरीद करते वक्त सरकार से मंजूरी नहीं ली और न ही विभाग को जानकारी दी है। इसके अलावा एक फ्लैट चंडीगढ़ सैक्टर में भी है। विजीलैंस रिमांड में संजय कंवर ने यह भी माना है कि उनके पास कुल तीन गाड़ियां हैं, जिनमें एक होंडा सिटी, एक फॉच्र्यूनर और एक मर्सडिीज़ शामिल है।
फॉच्र्यूनर और मर्सडिीज़ कार अन्य लोगों के नाम पर खरीदी गई है। नौकरी में रह कर वे अगर अपने नाम पर कार खरीदते तो उनकी शिकायत हो जाती, इसलिए उन्होंने यह गाड़ियां अन्य व्यक्तियों के नाम पर खरीदी है। इसकी किश्तों का भुगतान वह हर महीने कैश में उन्हें करते हैं। संजय कंवर साल 2024 और 2025 में तीन दफा विदेश यात्र भी कर चुका है। संजय कंवर और उसकी पत्नी के नाम पर चंडीगढ़ और मोहाली में करीब आधा दर्जन बैंक खातें और लॉकर भी है।
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