Last Updated: October 4, 2026

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विजिलेंस की टीम ने सिधवान बे अस्पताल के एसएमओ और क्लर्क को रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़ा

January 30, 2026

विजिलेंस की टीम ने सिधवान बे अस्पताल के एसएमओ और क्लर्क को रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़ा

सिधवान बेट: सिधवान बेट के सरकारी अस्पताल में उस समय अफरा-तफरी मच गई जब विजिलेंस टीम ने अचानक छापा मारकर SMO समेत दो अधिकारियों को रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़ लिया। इस कार्रवाई से पूरे अस्पताल कैंपस में हड़कंप मच गया।

रिपोर्ट्स के मुताबिक, सिधवान बेट अस्पताल के SMO हरकीरत गिल पर आरोप है कि उन्होंने अस्पताल के अधिकार क्षेत्र में आने वाली करीब 25 डिस्पेंसरियों समेत लोकल अस्पताल में तैनात करीब 125 कर्मचारियों से ऑडिट के नाम पर गैर-कानूनी तरीके से पैसे वसूले। मिली जानकारी के मुताबिक, हेल्थ डिपार्टमेंट में काम करने वाले रेगुलर और कॉन्ट्रैक्ट पर काम करने वाले कर्मचारियों से 4,000 रुपये से लेकर 10,000 रुपये तक मांगे जा रहे थे।

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बताया जा रहा है कि इस गैर-कानूनी वसूली से परेशान एक कर्मचारी ने तुरंत गांव की महिला सरपंच के पति बलकार सिंह सिद्धू से संपर्क किया और उन्हें पूरे मामले की जानकारी दी। इससे पूरा मामला आम आदमी पार्टी के दाखा विधानसभा क्षेत्र के इंचार्ज डॉ. के.एन.एस. कंग के ध्यान में आया और डॉ. कंग ने मामले को गंभीर मानते हुए विजिलेंस डिपार्टमेंट को सूचित किया।

विजिलेंस लुधियाना टीम ने सोची-समझी योजना के अनुसार अपना जाल बिछाया। विजिलेंस टीम ने पाउडर लगे पैसे उक्त कर्मचारी को भेजे। जैसे ही असिस्टेंट क्लर्क सतविंदर सिंह ने पैसे लेकर SMO हरकीरत गिल को दिए, विजिलेंस टीम ने मौके पर छापा मारकर दोनों को रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया।

विजिलेंस डिपार्टमेंट ने दोनों आरोपियों को हिरासत में ले लिया और आगे की पूछताछ के लिए लुधियाना ले गए। मामले के अन्य पहलुओं की गहराई से जांच की जा रही है।

जहां सिधवां बेट के निवासी विजिलेंस की कार्रवाई से संतुष्ट दिख रहे हैं, वहीं अस्पताल प्रशासन और स्टाफ में दहशत का माहौल है।

सूत्रों की मानें तो आने वाले दिनों में इस मामले में और बड़े खुलासे हो सकते हैं।

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जब हमने इस पूरे मामले पर दाखा विधानसभा क्षेत्र के AAP इंचार्ज डॉ. के. एन. एस. कांग से बात की, तो उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत मान की सरकार में भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और जो अधिकारी सरकार की छवि खराब करने में लगे हैं, उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि किसी भी भ्रष्ट अधिकारी को बख्शा नहीं जाएगा। याद रहे कि डॉ. कांग ने पहले भी स्थानीय BDPO को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ा था।

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