
BCCI Recruitment: भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) ने शुक्रवार को अपने आधुनिक सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (सीओई) में ‘स्पोर्ट्स साइंस एंड मेडिसिन’ के हेड पद के लिए दोबारा आवेदन मांगे हैं। बोर्ड इससे पहले भी इस अहम पद के लिए प्रक्रिया शुरू कर चुका था, लेकिन कई कारणों से उसे उपयुक्त उम्मीदवार नहीं मिल पाया। पूर्व भारतीय टीम फिजियोथेरेपिस्ट नितिन पटेल के करीब तीन साल के कार्यकाल के बाद सीओई से जाने के बाद से यह पद खाली है। पटेल ने जसप्रीत बुमराह, श्रेयस अय्यर, केएल राहुल और मोहम्मद शमी जैसे खिलाड़ियों की रिकवरी पर काम किया था और 2023 पुरुष वनडे विश्व कप से पहले उन्हें फिट कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।
बीसीसीआई के अनुसार, इस पद पर नियुक्त होने वाले अधिकारी को भारतीय क्रिकेट में स्पोर्ट्स साइंस और मेडिसिन से जुड़े सभी मामलों की जिम्मेदारी संभालनी होगी। वह एलीट क्रिकेट कार्यक्रमों की योजना तैयार करने के साथ खिलाड़ियों को बेहतर मेडिकल और फिटनेस सपोर्ट उपलब्ध कराने पर काम करेगा। उसकी जिम्मेदारियों में सीओई और टीम इंडिया के फिजियोथेरेपी तथा स्ट्रेंथ एंड कंडीशनिंग विभागों का प्रबंधन भी शामिल होगा। इसके लिए उसे संबंधित विभागों के प्रमुखों और विशेषज्ञों के साथ काम करना होगा। साथ ही राष्ट्रीय टीम और सीओई के कोचों, क्रिकेट शिक्षा विभाग तथा अन्य प्रदर्शन विशेषज्ञों के साथ तालमेल बनाकर खिलाड़ियों के लिए एक बेहतर और एकीकृत सपोर्ट सिस्टम तैयार करना होगा।
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बोर्ड ने कहा कि इस भूमिका में खिलाड़ियों के लंबे करियर, उनकी फिटनेस और आधुनिक मेडिकल सुविधाओं के प्रभावी इस्तेमाल पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। अधिकारी खिलाड़ियों की सेहत की निगरानी करने के साथ चोटों से बचाव, चोट लगने के बाद रिकवरी और रिहैबिलिटेशन की प्रक्रिया पर नजर रखेगा। इसके अलावा खिलाड़ियों के शारीरिक विकास को बेहतर बनाने और खेल विज्ञान से जुड़ी नई रिसर्च व तकनीकों को अपनाने की दिशा में भी काम करना होगा। वह स्पोर्ट्स साइंस एंड मेडिसिन विभाग के लिए नई योजनाएं और लक्ष्य तय करने तथा उन्हें लागू कराने की जिम्मेदारी भी संभालेगा।
इस पद के तहत मेडिकल सेवाओं की गुणवत्ता, खिलाड़ियों की सुरक्षा, जोखिम प्रबंधन और उनकी भलाई से जुड़े महत्वपूर्ण पहलुओं की निगरानी भी करनी होगी। अधिकारी चोटों की रोकथाम, फिटनेस बनाए रखने और चोट के बाद खिलाड़ियों की रिकवरी व रिहैबिलिटेशन की पूरी व्यवस्था पर नजर रखेगा। इसके साथ ही खिलाड़ियों के शारीरिक विकास, स्वास्थ्य प्रबंधन और लंबे समय तक बेहतर प्रदर्शन के लिए तैयार किए जाने वाले कार्यक्रमों की देखरेख करेगा। खेल विज्ञान के क्षेत्र में नई रिसर्च को बढ़ावा देने और अलग-अलग संस्थानों के साथ साझेदारी विकसित करने की जिम्मेदारी भी उसकी भूमिका का हिस्सा होगी।
बीसीसीआई ने इस पद के लिए उम्मीदवारों की योग्यता भी निर्धारित की है। आवेदक के पास स्पोर्ट्स साइंस या इससे संबंधित विषय में मास्टर डिग्री होना जरूरी है, जबकि डॉक्टरेट की डिग्री रखने वाले उम्मीदवारों को प्राथमिकता दी जाएगी। इसके अलावा पेशेवर या ओलंपिक स्तर के खेलों में विभिन्न विशेषज्ञों की टीम का नेतृत्व करने वाली भूमिका में कम से कम पांच साल का अनुभव भी आवश्यक है। उम्मीदवार की उम्र 60 साल से कम होनी चाहिए। चयनित अधिकारी सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में क्रिकेट के प्रमुख और भारत के पूर्व बल्लेबाज वीवीएस लक्ष्मण को सीधे रिपोर्ट करेगा।
इच्छुक उम्मीदवार 30 सितंबर शाम 5 बजे तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। आवेदन के बाद योग्य उम्मीदवारों की शॉर्टलिस्ट तैयार की जाएगी और उन्हें व्यक्तिगत इंटरव्यू के लिए बुलाया जाएगा। इससे पहले इसी महीने मुंबई स्थित बीसीसीआई मुख्यालय में हुई समीक्षा बैठक के बाद बोर्ड सचिव देवजीत सैकिया ने कहा था कि इस पद को भरने में जल्दबाजी नहीं की जाएगी। उन्होंने बताया था कि सीओई में फिटनेस, रिहैब और प्रीहैब से जुड़ी सुविधाओं के लिए करीब 16 लोगों की टीम पहले से मौजूद है, लेकिन इनकी निगरानी के लिए एक अनुभवी और योग्य अधिकारी की जरूरत है। सैकिया के मुताबिक, भारत और दुनिया भर में ऐसे विशेषज्ञों की संख्या काफी कम है, इसलिए बोर्ड सिर्फ शैक्षणिक योग्यता के आधार पर नहीं, बल्कि सही और सक्षम उम्मीदवार मिलने पर ही नियुक्ति करेगा।
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