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नई दिल्ली : हमारे समाज में अक्सर देखा जाता है कि बेटियों को घर में बोझ माना जाता है और उनके साथ भेदभाव किया जाता है। हालांकि, अब समय बदल रहा है। अब लोग अपनी बेटियों को पढ़ा-लिखा रहे हैं, ताकि वे आत्मनिर्भर बन सकें और अपने पैरों पर खड़ी हो सकें। आज के समाज.