ग्लासगो (स्कॉटलैंड): कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारत ने शानदार प्रदर्शन करते हुए आखिरी दिन से पहले कुल 39 पदक अपने नाम कर लिए हैं। इनमें 13 स्वर्ण, 17 रजत और 9 कांस्य पदक शामिल हैं। इस बार खेलों की संख्या कम होने के बावजूद भारतीय खिलाड़ियों ने कई खेलों में बेहतरीन प्रदर्शन कर देश का नाम रोशन किया।
भारतीय मुक्केबाजों ने इस बार सबसे शानदार प्रदर्शन किया। टीम ने कुल 7 स्वर्ण और 3 रजत पदक जीते। महिलाओं के मुकाबलों में साक्षी चौधरी ने 51 किग्रा वर्ग के फाइनल में इंग्लैंड की रूबी व्हाइट को हराकर स्वर्ण पदक जीता। प्रीति पवार ने 54 किग्रा वर्ग में कनाडा की स्कारलेट सवाना डेलगाडो को हराकर गोल्ड अपने नाम किया। इसके अलावा जैस्मीन लैम्बोरिया ने 57 किग्रा वर्ग में नॉर्दर्न आयरलैंड की माइकेला वॉल्श को हराया, जबकि प्रिया घंघास ने 60 किग्रा वर्ग के फाइनल में कनाडा की मैरी-बाथौल अल-अहमदीह को हराकर स्वर्ण पदक जीता। अरुंधति चौधरी ने भी महिलाओं के 70 किग्रा वर्ग में इंग्लैंड की चैंटेल रीड को हराकर गोल्ड हासिल किया।
पुरुष वर्ग में सचिन सिवाच ने 60 किग्रा वर्ग में नामीबिया के ट्रायगेन मॉर्निंग नेडेवेलो को हराकर स्वर्ण पदक जीता। वहीं अंकुश पंघाल ने 80 किग्रा वर्ग के फाइनल में इंग्लैंड के डिमेजी शिट्टू को मात देकर भारत की झोली में एक और गोल्ड डाला। हालांकि लवलीना बोरगोहेन, जदुमणि सिंह और नरेंद्र बेरवाल अपने-अपने फाइनल मुकाबले हार गए और उन्हें रजत पदक से संतोष करना पड़ा। लवलीना महिलाओं के 75 किग्रा फाइनल में ऑस्ट्रेलिया की एम्मा सू ग्रीनट्री से हार गईं। जदुमणि पुरुषों के 55 किग्रा वर्ग के फाइनल में ऑस्ट्रेलिया के जे डिक्सन से हार गए, जबकि नरेंद्र बेरवाल पुरुषों के 90+ किग्रा वर्ग के फाइनल में इंग्लैंड के डमर थॉमस से हार गए।
पैरा एथलेटिक्स में सोमन राणा ने पुरुषों के F57 शॉट पुट स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीतकर भारत को बड़ी सफलता दिलाई। इसी स्पर्धा में शुभम जुयाल ने रजत पदक अपने नाम किया।
एथलेटिक्स में भारत ने तीन पदक जीते। प्रवीण चित्रवेल ने पुरुषों की ट्रिपल जंप में रजत पदक हासिल किया, जबकि सेल्वा प्रभु थिरुमारन ने इसी स्पर्धा में कांस्य पदक जीता। इसके अलावा गुलवीर सिंह ने पुरुषों की 5000 मीटर दौड़ में कांस्य पदक जीतकर भारत की पदक संख्या बढ़ाई।
जूडो में उन्नति शर्मा ने महिलाओं के 63 किग्रा वर्ग में दक्षिण अफ्रीका की स्काई नोएस्टर को हराकर कांस्य पदक जीता। वहीं हर्ष टोकस रेपेचेज के जरिए कांस्य पदक मुकाबले तक पहुंचे, लेकिन ऑस्ट्रेलिया के केशिन ओची से हार गए और पदक से चूक गए।
जूडो में करनजीत सिंह मान और इनुंगनबी ताखेलम्बम अपने रेपेचेज मुकाबले हारकर बाहर हो गए। ट्रैक साइक्लिंग में डेविड बेकहम, रोनाल्डो सिंह और रोज़त सिंह पुरुषों के स्प्रिंट क्वालिफिकेशन से आगे नहीं बढ़ सके। पैरा एथलेटिक्स में रमेश शनमुगम पुरुषों की 1500 मीटर T54 स्पर्धा में सातवें स्थान पर रहे। महिलाओं की 10,000 मीटर रेस वॉक में प्रियंका गोस्वामी चौथे स्थान पर रहीं और पदक से थोड़ा पीछे रह गईं, जबकि रवीना गायकवाड़ को अयोग्य घोषित कर दिया गया। साइक्लिंग की पुरुषों की 10 किमी स्क्रैच रेस क्वालिफिकेशन में दिनेश कुमार और हर्षवीर सिंह सेखों दौड़ पूरी नहीं कर सके।
बाउल्स में भारत की पुरुषों की पेयर्स टीम नवनीत सिंह और दिनेश कुमार को इंग्लैंड ने हराकर बाहर कर दिया। वहीं महिलाओं के सिंगल्स सेक्शनल प्ले में नयनमोनी सैकिया दक्षिण अफ्रीका की ब्रिजेट हर्सेलमैन से हारकर प्रतियोगिता से बाहर हो गईं। एथलेटिक्स में देव मीना और कुलदीप कुमार पुरुषों की पोल वॉल्ट स्पर्धा में पदक नहीं जीत सके। वहीं विशाल टीके, राजेश रमेश, रशदीप कौर और नीरू पाठक की भारतीय मिक्स्ड 4×400 मीटर रिले टीम छठे स्थान पर रही।
भारत कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 के अंतिम दिन 39 पदकों के साथ उतरेगा। भारतीय खिलाड़ियों से उम्मीद रहेगी कि वे आखिरी दिन भी शानदार प्रदर्शन करते हुए देश की पदक संख्या में और इजाफा करेंगे।
मेष: दिन शुभ रहेगा...