Last Updated: October 1, 2026

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‘यशोदा और कृष्ण’ की 130 साल पुरानी पेंटिंग 167.20 करोड़ में बिकी, ये मशहूर चित्रकार हुआ मालामाल 

April 2, 2026

‘यशोदा और कृष्ण’ की 130 साल पुरानी पेंटिंग 167.20 करोड़ में बिकी, ये मशहूर चित्रकार हुआ मालामाल 

नई दिल्ली: मशहूर भारतीय चित्रकार राजा रवि वर्मा की एक 130 साल से ज्यादा पुरानी पेंटिंग ने नीलामी में नया इतिहास बना दिया है। इस पेंटिंग को 167.20 करोड़ रुपये में बेचा गया, जो अब तक किसी भी भारतीय कलाकृति के लिए सबसे ज्यादा कीमत है।

यह पेंटिंग 1890 के दशक में बनाई गई थी, जब राजा रवि वर्मा अपने करियर के शिखर पर थे। इस खास पेंटिंग का नाम ‘यशोदा और कृष्ण’ है, जिसे केसर कला द्वारा आयोजित लाइव नीलामी में बेचा गया। यह नीलामी 1 अप्रैल को मुंबई में हुई और करीब 7 मिनट तक बोली लगी। इससे पहले सबसे महंगी भारतीय पेंटिंग का रिकॉर्ड एम. एफ. हुसैन की पेंटिंग ‘Untitled (Gram Yatra)’ के नाम था, जो मार्च 2025 में 118 करोड़ रुपये में बिकी थी।

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130-year-old painting sold for Rs 167.20 crore
130-year-old painting sold for Rs 167.20 crore

इस पेंटिंग में भगवान कृष्ण के बालरूप को उनकी मां यशोदा के साथ दिखाया गया है। इसमें यशोदा गाय का दूध निकाल रही हैं और छोटा कृष्ण उनके पास दूध के लिए खड़ा है। यह एक ऑयल पेंटिंग है, जिसे बहुत ही यथार्थवादी (realistic) शैली में बनाया गया है। इसमें “कियारोस्कूरो” तकनीक का इस्तेमाल किया गया है, जिसमें रोशनी और अंधेरे के बीच गहरा अंतर दिखाया जाता है। इससे पेंटिंग और भी जीवंत लगती है। इसका दृश्य श्रीमद् भागवतम् के एक प्रसंग से लिया गया है, जहां बाल कृष्ण अपनी मां के पास दूध के लिए आते हैं।

क्यों है यह ऐतिहासिक?

विशेषज्ञों के मुताबिक, यह नीलामी भारतीय कला बाजार के लिए एक बड़ा और ऐतिहासिक पल है। यह पेंटिंग अपनी अनुमानित कीमत (करीब 80 करोड़) से दोगुने से भी ज्यादा में बिकी, जो इसकी लोकप्रियता और महत्व को दिखाता है।

कला विशेषज्ञों का कहना है कि इस रिकॉर्ड के बाद भारतीय कला को अब सिर्फ सुंदरता के नजरिए से नहीं, बल्कि एक मजबूत निवेश (investment) के रूप में भी देखा जाएगा। यह बिक्री दिखाती है कि दुनिया भर में भारतीय कला और कलाकारों की मांग तेजी से बढ़ रही है, और राजा रवि वर्मा की कला आज भी लोगों के दिलों में खास जगह रखती है।

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