Last Updated: September 23, 2026

Dainik Savera Times Logo

ईरान ने फिर अमेरिका को भेजा शांति वार्ता प्रस्ताव, डोनाल्ड ट्रंप बोले- स्वीकार करना संभव नहीं

May 2, 2026

ईरान ने फिर अमेरिका को भेजा शांति वार्ता प्रस्ताव, डोनाल्ड ट्रंप बोले- स्वीकार करना संभव नहीं

इंटरनेशनल डेस्क: पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और होर्मुज जलडमरूमध्य में बने गतिरोध को खत्म करने के लिए ईरान ने एक बार फिर अमेरिका को बातचीत का नया शांति वार्ता प्रस्ताव भेजा है। हालांकि, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस प्रस्ताव पर असंतोष जताया है और कहा है कि ईरान ऐसी मांगें कर रहा है, जिन्हें स्वीकार करना संभव नहीं है।

शांति प्रस्ताव पर अमेरिका की नाराज़गी

करीब 40 दिनों तक चले संघर्ष के बाद भले ही अमेरिका और इजरायल ने ईरान की सैन्य क्षमता को कमजोर करने का दावा किया हो, लेकिन हालात अब भी तनावपूर्ण बने हुए हैं। ट्रंप ने कहा कि बातचीत जारी है, लेकिन ईरानी नेतृत्व में एकजुटता की कमी है और उनकी मांगें अस्पष्ट हैं।

होर्मुज जलडमरूमध्य पर फोकस

ईरान ने यह नया प्रस्ताव पाकिस्तान के माध्यम से अमेरिका तक पहुंचाया है। इसका मुख्य उद्देश्य Strait of Hormuz में समुद्री यातायात को सामान्य करना है। ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने कहा कि अगर अमेरिका आक्रामक रवैया छोड़ता है, तो ईरान कूटनीतिक समाधान के लिए तैयार है। साथ ही उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि ईरानी सेना किसी भी खतरे से निपटने के लिए तैयार है।

ये भी पढ़ें: पश्चिम बंगाल में 15 मतदान केंद्रों पर कराया जा रहा पुनर्मतदान, दूसरे चरण की वोटिंग के दौरान हुई थी गड़बड़ी

सैन्य गतिविधियां तेज

रिपोर्ट्स के मुताबिक, ईरान ने बमबारी के दौरान दबे अपने हथियारों को फिर से बाहर निकालकर सक्रिय करना शुरू कर दिया है। माना जा रहा है कि वह युद्धविराम का इस्तेमाल अपनी मिसाइल और ड्रोन क्षमता को फिर से मजबूत करने में कर रहा है। दूसरी ओर अमेरिका ने अपने सहयोगी इजरायल को करीब 6500 टन हथियार और सैन्य उपकरण भेजे हैं। इसमें हवाई और जमीनी हमलों के लिए जरूरी सामग्री शामिल है। फरवरी के बाद से अब तक इजरायल को एक लाख टन से ज्यादा सैन्य सामान पहुंचाया जा चुका है।

नए हमले की तैयारी के संकेत

व्हाइट हाउस में हुई एक अहम बैठक में अमेरिकी सेना के अधिकारियों ने ट्रंप को ईरान पर संभावित हमलों के विकल्प बताए। इसमें छोटे लेकिन प्रभावी हमलों की रणनीति भी शामिल है, जिनका लक्ष्य सैन्य ठिकाने और बुनियादी ढांचा हो सकता है। इसके अलावा होर्मुज के कुछ हिस्सों पर नियंत्रण कर वहां से जहाजों की आवाजाही बहाल करने और ईरान के संवर्धित यूरेनियम भंडार पर कार्रवाई जैसे विकल्पों पर भी चर्चा हुई।

हाइपरसोनिक मिसाइल ‘डार्क ईगल’ पर विचार

अमेरिका ईरान के खिलाफ पहली बार ‘डार्क ईगल’ नाम की हाइपरसोनिक मिसाइल तैनात करने पर विचार कर रहा है। यह मिसाइल आवाज की गति से कई गुना तेज चलती है और पारंपरिक रक्षा प्रणालियों के लिए इसे रोकना बेहद मुश्किल माना जाता है। इसकी मारक क्षमता करीब 2700 किलोमीटर तक बताई जाती है।

होर्मुज में जहाजों की आवाजाही प्रभावित

अमेरिकी सेंट्रल कमांड का दावा है कि अब तक 45 जहाजों को होर्मुज क्षेत्र से वापस लौटाया गया है। साथ ही अमेरिका ने चेतावनी दी है कि जो कंपनियां ईरान को सुरक्षित मार्ग के लिए भुगतान करेंगी, उन पर प्रतिबंध लगाया जा सकता है।

तेहरान में एयर डिफेंस सक्रिय

इस बीच ईरान की राजधानी तेहरान में अचानक एयर डिफेंस सिस्टम सक्रिय किया गया। बताया गया कि कुछ संदिग्ध ड्रोन और छोटे विमानों की गतिविधि देखी गई थी, जिन्हें ट्रैक कर निष्क्रिय करने की कोशिश की गई। हालांकि, थोड़ी देर बाद स्थिति सामान्य हो गई।

ये भी पढ़ें: Punjab Weather: पंजाब में अगले 5 दिनों में बारिश और तूफान के आसार, IMD ने जारी किया अलर्ट

संसद में युद्ध प्रस्ताव टला

ट्रंप प्रशासन ने फिलहाल ईरान के खिलाफ युद्ध जारी रखने के लिए संसद में प्रस्ताव लाने का फैसला टाल दिया है। सरकार का कहना है कि फिलहाल संघर्ष खत्म हो चुका है, इसलिए नई मंजूरी की जरूरत नहीं है। हालांकि, ट्रंप ने संकेत दिए हैं कि जरूरत पड़ने पर कार्रवाई फिर से शुरू की जा सकती है।

तेल बाजार पर असर

ईरान के नए प्रस्ताव की खबर सामने आने के बाद अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल की कीमतों में गिरावट देखी गई और यह करीब 109 डॉलर प्रति बैरल तक आ गई।

खबरें और भी हैं...

Copyright © 2025 Dainik Savera Times. All rights reserved.
ऐप खोलें