चंडीगढ़: पंजाब में आने वाले दिनों में लोगों को बिजली संकट का सामना करना पड़ सकता है। पंजाब की बिजली वितरण कंपनी Punjab State Power Corporation Limited (पावरकॉम) ने 21 अप्रैल से 26 अप्रैल तक कई जिलों में लंबे समय तक बिजली कट लगाने का ऐलान किया है। यह शेड्यूल पावर डिस्ट्रीब्यूशन सिस्टम के सुधार और तकनीकी अपग्रेडेशन के तहत जारी किया गया है।
हालांकि यह कदम प्रशासनिक और तकनीकी सुधार के लिए जरूरी बताया जा रहा है, लेकिन भीषण गर्मी के बीच यह फैसला आम लोगों के लिए बड़ी परेशानी का कारण बन सकता है।
8 से 10 घंटे तक बिजली कटौती की संभावना
पावरकॉम के अनुसार राज्य के कई शहरों में रोजाना 4 से 10 घंटे तक बिजली बाधित रहेगी। सबसे अधिक असर औद्योगिक शहर Ludhiana में देखने को मिलेगा, जहां कई इलाकों में पूरे दिन बिजली गुल रहने की संभावना है। इसके अलावाजालंधर, अमृतसर, पटियाला, बठिंडा और मोहाली के कई क्षेत्रों में भी नियमित और लंबे पावर कट लगाए जाएंगे।
गर्मी और बिजली संकट एक साथ
पंजाब में तापमान लगातार बढ़ रहा है और कई जिलों में पारा 35 डिग्री सेल्सियस से ऊपर पहुंच चुका है। मौसम विभाग ने अगले तीन दिनों के लिए हीटवेव का यलो अलर्ट जारी किया है। गर्मी की इस स्थिति में बिजली कटौती ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। खासकर शहरी क्षेत्रों में दिन के समय लंबे कट से घरेलू जीवन और व्यवसाय दोनों प्रभावित हो रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग ने भी इसे गंभीर मानते हुए एडवाइजरी जारी की है। अस्पतालों को अलर्ट पर रखा गया है और गर्मी से संबंधित मरीजों के लिए विशेष वार्ड बनाए गए हैं। साथ ही 24 घंटे स्टाफ की तैनाती सुनिश्चित की गई है।
21 अप्रैल से शुरू हुआ कटौती शेड्यूल
पावरकॉम के शेड्यूल के अनुसार पहले दिन यानी 21 अप्रैल को मोहाली, लुधियाना, जालंधर, अमृतसर, पटियाला और बठिंडा के कई इलाकों में बिजली कट लगाए गए।
मोहाली: कई सेक्टर और गांवों में सुबह 10 से दोपहर 3 बजे तक बिजली बंद रही
लुधियाना: कई रिहायशी और औद्योगिक क्षेत्रों में सुबह 10 से शाम 5 बजे तक कट
जालंधर: कई कॉलोनियों में 4 घंटे तक बिजली बाधित
अमृतसर: कंपनी बाग और आसपास के क्षेत्रों में 2 से 4 घंटे का कट
पटियाला: दोपहर से शाम तक कई इलाकों में बिजली बंद
बठिंडा: सुबह 9 से दोपहर तक कई क्षेत्रों में सप्लाई बाधित
अगले दिनों में और बढ़ेगा असर
22 अप्रैल से 26 अप्रैल तक जारी शेड्यूल के अनुसार कई जिलों में लगातार अलग-अलग समय पर बिजली कट लगाए जाएंगे।
लुधियाना के औद्योगिक क्षेत्रों, जालंधर के रिहायशी इलाकों, पटियाला के शहरी हिस्सों और मोहाली के नए विकसित सेक्टरों में सबसे ज्यादा प्रभाव देखने को मिलेगा। कई क्षेत्रों में सुबह 9:30 बजे से लेकर शाम 6 बजे तक भी बिजली बाधित रहने की संभावना है।
बिजली संकट के पीछे क्या वजह?
पावरकॉम के अनुसार इस समय राज्य में बिजली की मांग तेजी से बढ़ी है।
सामान्य मांग: लगभग 6000 मेगावाट
हाल की अधिकतम मांग: 9500 मेगावाट तक
राज्य उत्पादन क्षमता: लगभग 3300 मेगावाट शेष बिजली केंद्रीय ग्रिड से खरीदी जा रही है।
जब तापमान 40 डिग्री के करीब पहुंचता है, तो राज्य में बिजली की मांग 10,000 मेगावाट तक पहुंच जाती है, जिससे सप्लाई पर भारी दबाव पड़ता है। अप्रैल के मध्य तक आमतौर पर मांग 5 से 6 हजार मेगावाट रहती है, लेकिन इस बार असामान्य गर्मी ने सिस्टम पर अतिरिक्त दबाव डाल दिया है।
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मेंटेनेंस और मॉडर्नाइजेशन का कारण
पावरकॉम का कहना है कि यह बिजली कटौती पुरानी डिस्ट्रीब्यूशन लाइनों के मेंटेनेंस, ट्रांसफॉर्मर अपग्रेड और सिस्टम मॉडर्नाइजेशन के लिए जरूरी है।कंपनी का दावा है कि इन सुधारों के बाद भविष्य में बिजली आपूर्ति अधिक स्थिर और विश्वसनीय होगी।
मेष: दिन शुभ रहेगा...