मोगा (दलीप कुमार): भारतीय किसान यूनियन खोसा की मासिक बैठक पंजाब प्रधान सुखजिंदर सिंह खोसा की अध्यक्षता में आयोजित हुई। बैठक में बंदी सिखों की रिहाई, किसानों से जुड़े मुद्दों और सरकारों की नीतियों को लेकर गंभीर विचार-विमर्श किया गया। किसान नेताओं ने कहा कि कई बंदी सिख अपनी निर्धारित सजा से भी अधिक समय.
जालंधर: जालंधर में किसान नेताओं ने प्रदर्शन का ऐलान कर दिया है। ऐसे में आज प्रेस वार्ता के दौरान भारतीय किसान यूनियन दोआबा के प्रधान मनजीत रॉय ने कहा कि शुगर मिल की ओर से पंजाब के किसानों का गन्ने का काफी बकाया अभी भी बाकी है। इस मामले को लेकर उन्होंने प्रशासन से अपील.
पंजाब डेस्क: भारत-अमेरिका व्यापार समझौते के विरोध में शंभू और खनौरी बॉर्डरों पर विशाल जुटान। प्रशासन के साथ वार्ता के दौरान हरियाणा के कृषि मंत्री ने सभी गिरफ्तार किसानों की तत्काल रिहाई तथा केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान के साथ बैठक कराने का आश्वासन दिया। देश बचाओ मोर्चा के आह्वान पर आज देश के.
चंडीगढ़ में आज पंजाब के किसानों द्वारा बड़े स्तर पर बाइक रैली आयोजित की जाएगी। भारतीय किसान यूनियन के नेतृत्व में यह रैली मोहाली से शुरू होकर सेक्टर-34 के प्रदर्शनी मैदान तक पहुंचेगी।
चंडीगढ़: मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में पंजाब ने कृषि और सहकारी क्षेत्रों को मजबूत करने में बड़ी उपलब्धि हासिल की है। इस तहत पहली बार पंजाब सरकार ने साल 2025-26 के पिढ़ाई सीजन के दौरान गन्ना किसानों के 100 प्रतिशत बकाए अदा कर दिए हैं। प्रदेश भर की शुगर मिलों ने रिकॉर्ड 167.20.
पंजाब के गन्ना किसानों के लिए वर्ष 2025-26 का पिराई सीजन कई मायनों में ऐतिहासिक साबित हुआ है। मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में राज्य सरकार ने पहली बार गन्ना किसानों के 100 प्रतिशत बकाया भुगतान का निपटारा कर एक नया रिकॉर्ड कायम किया है। प्रदेश की शुगर मिलों ने 167.20 लाख क्विंटल गन्ने.
पंजाब और चंडीगढ़ के किसानों के लिए केंद्र सरकार ने गेहूं खरीद में महत्वपूर्ण ढील दी है। इस फैसले को मौसमी खराबी से प्रभावित फसल की खरीद प्रक्रिया को आसान बनाने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है।
भारतीय जनता पार्टी (BJP) के प्रदेश अध्यक्ष सुनील जाखड़ ने मुख्यमंत्री भगवंत मान को आज एक पत्र लिखा है। इस पत्र में उन्होंने किसानों के नुकसान के मुआवज़े के बारे में लिखा है।
पंजाब में आज से किसानों ने बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन की शुरुआत की है। किसान मजदूर मोर्चा (इंडिया) ने केंद्र सरकार द्वारा प्रस्तावित इलेक्ट्रिसिटी अमेंडमेंट बिल 2025 और अन्य मुद्दों को लेकर यह आंदोलन शुरू किया है।