हरियाणा डेस्क: पानीपत के सिवाह गांव में 14 वर्षीय किशोरी ने फंदा लगाकर अपनी जान दे दी। घटना के समय कोई भी घर पर मौजूद नहीं था, जब तक घर वाले पहुंचे तब तक लड़की मर चुकी थी। सूचना मिलते ही सेक्टर-29 थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सिविल अस्पताल भेज दिया है।
ये भी पढ़ें: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने भरी राफेल उड़ान, भारतीय वायुसेना और देश के लिए गौरव का पल
लड़की के पिता छोटूराम ने बताया कि उनकी 14 वर्षीय बेटी दिव्यांशी मानसिक रूप से बीमार थी। उसका पहले से इलाज चल रहा था। वह मूलरूप से उत्तर प्रदेश के लखनऊ के रहने वाले हैं और पिछले दो साल से परिवार के साथ पानीपत में किराये पर रह रहे हैं। परिवार में छोटूराम, उनकी पत्नी और तीन बच्चे हैं। छोटूराम और उनकी पत्नी रोज की तरह फैक्ट्री में काम पर गए थे। घर में दिव्यांशी अकेली थी। पड़ोसियों ने फोन करके बताया कि उनकी बेटी ने कमरे में फांसी लगा ली। छोटूराम घर पहुंचे तो उन्होंने देखा कि बेटी ने कमरे में चुन्नी से फांसी लगा ली थी। तुरंत पुलिस को सूचना दी गई।
ये भी पढ़ें: अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद का करीबी दानिश चिकना गिरफ्तार, ड्रग्स सिंडिकेट का पर्दाफाश
पिता ने आगे बताया कि उनकी बेटी ने 7वीं तक पढ़ाई की थी लेकिन, मानसिक स्थिति ठीक न होने के कारण उसने दो साल से स्कूल जाना बंद कर दिया था। परिजन उसका इलाज करवाने की कोशिश में थे लेकिन, बीमारी के चलते वह अक्सर परेशान रहती थी।