Last Updated: November 5, 2026

Dainik Savera Times Logo

Tag: hukamnama

हुक्मनामा श्री हरमंदिर साहिब जी 14 सितंबर 2025

हुक्मनामा श्री हरमंदिर साहिब जी 28 अगस्त 2025

Hukamnama : सूही महला १ ॥ मेरा मनु राता गुण रवै मनि भावै सोई ॥ गुर की पउड़ी साच की साचा सुखु होई ॥ सुखि सहजि आवै साच भावै साच की मति किउ टलै ॥ इसनानु दानु सुगिआनु मजनु आपि अछलिओ किउ छलै ॥ परपंच मोह बिकार थाके कूड़ु कपटु न दोई ॥ मेरा मनु.

हुक्मनामा श्री हरमंदिर साहिब जी 25 अगस्त 2025

Hukamnama 25 August 2025 : सोरठि महला ३ घरु १ तितुकी ॥ भगता दी सदा तू रखदा हरि जीउ धुरि तू रखदा आइआ ॥ प्रहिलाद जन तुधु राखि लए हरि जीउ हरणाखसु मारि पचाइआ ॥ गुरमुखा नो परतीति है हरि जीउ मनमुख भरमि भुलाइआ ॥१॥ हरि जी एह तेरी वडिआई ॥ भगता की पैज रखु.

हुक्मनामा श्री हरमंदिर साहिब जी 21 अगस्त 2025

Hukamnama : जैतसरी महला ५ घरु ३ दुपदे ੴ सतिगुर प्रसादि ॥ देहु संदेसरो कहीअउ प्रिअ कहीअउ ॥ बिसमु भई मै बहु बिधि सुनते कहहु सुहागनि सहीअउ ॥१॥ रहाउ ॥ को कहतो सभ बाहरि बाहरि को कहतो सभ महीअउ ॥ बरनु न दीसै चिहनु न लखीऐ सुहागनि साति बुझहीअउ ॥१॥ सरब निवासी घटि घटि वासी.

हुक्मनामा श्री हरमंदिर साहिब जी 20 अगस्त 2025

Hukamnama 20 August 2025 : रागु बिलावलु महला ५ घरु २ यानड़ीए कै घरि गावणा ੴ सतिगुर प्रसादि ॥ मै मनि तेरी टेक मेरे पिआरे मै मनि तेरी टेक ॥ अवर सिआणपा बिरथीआ पिआरे राखन कउ तुम एक ॥१॥ रहाउ ॥ सतिगुरु पूरा जे मिलै पिआरे सो जनु होत निहाला ॥ गुर की सेवा सो.

हुक्मनामा श्री हरमंदिर साहिब जी 17 अगस्त 2025

Hukamnama : जैतसरी महला ४ घरु १ चउपदे ੴ सतिगुर प्रसादि ॥मेरै हीअरै रतनु नामु हरि बसिआ गुरि हाथु धरिओ मेरै माथा ॥ जनम जनम के किलबिख दुख उतरे गुरि नामु दीओ रिनु लाथा ॥१॥ मेरे मन भजु राम नामु सभि अरथा ॥ गुरि पूरै हरि नामु द्रिड़ाइआ बिनु नावै जीवनु बिरथा ॥ रहाउ ॥.

हुक्मनामा श्री हरमंदिर साहिब जी 14 अगस्त 2025

Hukamnama : रोसु न कीजै अम्रितु पीजै रहणु नही संसारे ॥ राजे राइ रंक नही रहणा आइ जाइ जुग चारे ॥ रहण कहण ते रहै न कोई किसु पहि करउ बिनंती ॥ एकु सबदु राम नाम निरोधरु गुरु देवै पति मती ॥११॥ अर्थ: (हे पांडे! गुरु के सन्मुख हो के गोपाल का नाम अपने मन.

हुक्मनामा श्री हरमंदिर साहिब जी 12 अगस्त 2025

Hukamnama 12 August 2025 : बिलावलु महला १ ॥ मै मनि चाउ घणा साचि विगासी राम ॥ मोही प्रेम पिरे प्रभि अबिनासी राम ॥ अविगतो हरि नाथु नाथह तिसै भावै सो थीऐ ॥ किरपालु सदा दइआलु दाता जीआ अंदरि तूं जीऐ ॥ मै अवरु गिआनु न धिआनु पूजा हरि नामु अंतरि वसि रहे ॥ भेखु.

हुक्मनामा श्री हरमंदिर साहिब जी 11 अगस्त 2025

Hukamnama 11 August 2025 : वडहंसु महला ३ ॥ रसना हरि सादि लगी सहजि सुभाए ॥ मनु त्रिपतिआ हरि नामु धिआए ॥१॥ सदा सुखु साचै सबदि वीचारी ॥ आपणे सतगुर विटहु सदा बलिहारी ॥१॥ रहाउ ॥ अखी संतोखीआ एक लिव लाए ॥ मनु संतोखिआ दूजा भाउ गवाए ॥२॥ देह सरीरि सुखु होवै सबदि हरि नाए.

हुक्मनामा श्री हरमंदिर साहिब जी 10 अगस्त 2025

Today Hukamnama 10 August 2025 : ੴ सतिगुर प्रसादि ॥ आसा महला १ छंत घरु ३ ॥ तूं सुणि हरणा कालिआ की वाड़ीऐ राता राम ॥ बिखु फलु मीठा चारि दिन फिरि होवै ताता राम ॥ फिरि होइ ताता खरा माता नाम बिनु परतापए ॥ ओहु जेव साइर देइ लहरी बिजुल जिवै चमकए ॥ हरि.

हुक्मनामा श्री हरमंदिर साहिब जी 9 अगस्त 2025

Hukamnama : सलोक ॥ राज कपटं रूप कपटं धन कपटं कुल गरबतह ॥ संचंति बिखिआ छलं छिद्रं नानक बिनु हरि संगि न चालते ॥१॥ पेखंदड़ो की भुलु तुमा दिसमु सोहणा ॥ अढु न लहंदड़ो मुलु नानक साथि न जुलई माइआ ॥२॥ पउड़ी ॥ चलदिआ नालि न चलै सो किउ संजीऐ ॥ तिस का कहु किआ.

Latest Post

Copyright © 2025 Dainik Savera Times. All rights reserved.
ऐप खोलें